पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

भारत में लड़कियों की शादी की औसत उम्र 23 साल:पाकिस्तान-जापान में 16 तो ईरान में 9 साल में बेटियों की शादी

नई दिल्ली2 महीने पहले
  • कॉपी लिंक

भारत में एक तिहाई लड़कियों की शादी 21 साल की उम्र में हो जाती है। पश्चिम बंगाल और झारखंड इस मामले में टॉप पर हैं। दोनों राज्यों में ज्यादातर लड़कियों की शादी 21 की उम्र में हो जाती है। देश की राजधानी दिल्ली में यह आंकड़ा 17 फीसदी लड़कियों का है। हाल ही में रजिस्ट्रार जनरल और जनगणना आयुक्त (RGI) की तरफ से जारी रिपोर्ट में ये बात सामने आई है।

कश्मीर में लड़कियों की शादी की औसत उम्र अधिक

जम्मू-कश्मीर का रिकॉर्ड इस मामले में सबसे अच्छा है। यहां 2020 में 10 फीसदी से भी कम लड़कियों की शादी 21 साल की उम्र में हुई। जम्मू-कश्मीर में लड़कियों की शादी की औसत उम्र 26 साल है। इसके बाद पंजाब और दिल्ली का नंबर आता है। इन दोनों राज्यों में लड़कियों की शादी की औसत उम्र 24.4 साल थी। पश्चिम बंगाल और झारखंड में शादी की सबसे कम औसत आयु 21 साल और उसके बाद ओडिशा में 22 साल थी। जबकि पूरे देश का औसत निकाले तो यहां लड़कियों की शादी 22.7 साल में होती है।

ग्रामीण इलाकों में 18-20 की उम्र में ज्यादा शादी

सैंपल रजिस्ट्रेशन सिस्टम (SRS) स्टैटिस्टिकल रिपोर्ट के मुताबिक, लगभग एक तिहाई ग्रामीण महिलाएं 18-20 साल के बीच शादी के बंधन में बंध जाती हैं। जबकि शहरी क्षेत्रों में 18.6% महिलाओं की शादी 18-20 साल के बीच होती है। केरल में साल 2020 में 18 साल से कम उम्र में कोई शादी नहीं हुई। यानी एक भी बाल विवाह नहीं हुआ।

कर्नाटक में बाल विवाह 300 फीसदी बढ़ा

साल 2021-2022 में कर्नाटक में 418 बाल विवाह हुए हैं। रिपोर्ट में 2017-2018 से तुलना करते हुए इसमें 300 फीसदी की बढ़ोतरी बताई गई है।

भारत में लड़कियों की शादी की उम्र ऐसे बढ़ती गई

भारत में साल 1929 में पहली बार चाइल्ड मैरिज रीस्ट्रेंट एक्ट पास हुआ, जिसे ‘शारदा एक्ट’ भी कहा जाता है। इस एक्ट में लड़की की शादी के लिए न्यूनतम उम्र 14 साल थी और लड़कों की 18 साल। 1 अप्रैल 1930 को ये कानून पूरे ब्रिटिश भारत में लागू हो गया। समय-समय पर इसमें बदलाव हुआ और लड़कियों की शादी की उम्र बढ़ाकर 18 साल और लड़कों की 21 साल कर दी गई। साल 2006 में भारत सरकार ‘शारदा एक्ट’ की जगह ‘बाल विवाह निषेध अधिनियम 2006’ लेकर आई। 15 अगस्त 2020 में प्रधानमंत्री ने कुपोषण और लड़कियों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए शादी की उम्र 18 से 21 करने की घोषणा की।

पाकिस्तान-जापान में 16 और ईरान में 9 साल में हो सकती है लड़की की शादी

पड़ोसी मुल्क पाकिस्तान, अफगानिस्तान के अलावा मलेशिया, जापान जैसे देशों में पुरुषों के लिए 18 और महिलाओं के लिए 16 साल तय की गई है। चीन में महिलाओं की शादी की उम्र 20 और पुरुषों की 22 साल है। बांग्लादेश में महिलाओं की न्यूनतम आयु 18 और पुरुषों के लिए 21 साल है।

भूटान और ऑस्ट्रेलिया इस मामले में बराबरी पर है। यहां पर शादी के लिए लड़का-लड़की दोनों की उम्र 18 साल होनी चाहिए। इंडोनेशिया में महिलाओं के लिए शादी की उम्र 16 और पुरुषों के लिए 19 साल तय है। वहीं उत्तर कोरिया में पुरुष के लिए 18 और महिलाओं के लिए 17 साल है।

ईरान में लड़कियों की शादी की उम्र 13 साल है और अगर उनके मां-बाप चाहें तो 9 साल की उम्र में भी लड़की की शादी कर सकते हैं। इराक के कानून के हिसाब से शादी की न्यूनतम उम्र 18 साल है और मां-बाप की इजाजत के साथ 15 साल में शादी हो सकती है। हालांकि ज्यादातर देशों में न्यूनतम आयु 18 है। लेकिन इन सारे ही देशों में बाल विवाह एक कड़वी सच्चाई है।