टेक /मजबूत आर्थिक हैसियत का दुरुपयोग करने पर फ्रांस ने ऐपल पर 9 हजार करोड़ का जुर्माना ठोका

  • अपडेट के बहाने आईफोन को स्लो करने पर ऐपल पर पिछले महीने भी लगा था 200 करोड़ का जुर्माना, अमेरिका में भी चल रहे हैं कई मुकदमे

Moneybhaskar.com

Mar 16,2020 06:12:44 PM IST

नई दिल्ली। फ्रांस के प्रतिस्पर्धा प्राधिकरण ने अमेरिकी की दिग्गज टेक कंपनी ऐपल पर सोमवार को 1.2 बिलियन डॉलर यानी करीब 9100 करोड़ रुपए का जुर्माना लगाया है। प्रतिस्पर्धा प्राधिकरण ने यह जुर्माना ऐपल पर यह जुर्माना अपनी आर्थिक हैसियत का दुरुपयोग करते हुए स्वतंत्र रिटेल डिस्ट्रीब्यूटर्स के प्रति गैर-प्रतिस्पर्धी व्यवहार अपनाने पर लगाया है।

फ्रांस में किसी कंपनी पर अब तक का सबसे बड़ी जुर्माना

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, प्रतिस्पर्धा प्राधिकरण के चीफ इसाबेल डि सिल्वा ने कहा कि फ्रांस में किसी कंपनी पर लगाया गया यह अब तक का सबसे बड़ा जुर्माना है। इसके अलावा ऐपल के होलसेल डिस्ट्रीब्यूटर टेक डाटा और इंग्राम माइक्रो पर भी 140 मिलियन यूरो का जुर्माना लगाया है। इन दोनों डिस्ट्रीब्यूटर्स पर ऐपल के साथ मिलकर छोटे डिस्ट्रीब्यूटर्स के हितों के साथ खिलवाड़ करने के लिए लगाया गया है। प्राधिकरण ने कहा है कि यह दोनों डिस्ट्रीब्यूटर ऐपल के डिवाइस के लिए छोटे रिटेलर्स से वही कीमत वसूलते थे, जिस कीमत पर वह डिवाइस ऐपल के ऑनलाइन स्टोर या फिजिकल स्टोर पर उपलब्ध थी। 2012 में ऐपल के एक स्वतंत्र प्रीमियम रिसेलर ने गैर-प्रतिस्पर्धी प्रैक्टिस का आरोप लगाया था।

पिछले महीने ही लगा था 200 करोड़ रुपए का जुर्माना

ऐपल पर फ्रांस में पिछले महीने ही 25 मिलियन यूरो यानी करीब 200 करोड़ रुपए का जुर्माना लगा था। यह जुर्माना पुराने आईफोन को अपडेट करने के बहाने जानबूझकर स्लो करने के आरोपों के बाद लगा था। इस मामले में एचओपी एसोसिएशन की ओर से शिकायत दर्ज करने के बाद जनवरी 2018 में जांच शुरू की गई थी। इस मामले में कंपनी को आईफोन उपभोक्ताओं से सूचना छुपाने का दोषी पाया गया था।

अमेरिका में भी चल रहे हैं आईफोन स्लो करने के मामले

ऐपल पुराने आईफोन को जानबूझकर स्लो करने के मुकदमों को सेटल करने के लिए यूजर्स को 50 करोड़ डॉलर (3,600 करोड़ रुपए) का भुगतान करेगी। सैन जोस की जिला अदालत में दायर दस्तावेजों में यह जानकारी सामने आई। इसके मुताबिक अमेरिका के सभी प्रभावित यूजर्स को 25-25 डॉलर दिए जाएंगे। हालांकि, दावों की संख्या और कोर्ट से मंजूर कानूनी खर्चों की राशि के आधार पर यूजर्स को मिलने वाली रकम कम या ज्यादा भी हो सकती है। अदालत 3 अप्रैल को सेटलमेंट को मंजूरी दे सकती है।

यूजर और टेक एनालिस्ट की नाराजगी के बाद ऐपल ने गलती मानी थी

जिन अमेरिकी ग्राहकों ने 21 दिसंबर 2017 से पहले आईफोन 6, 6प्लस, 6एस, 6एसप्लस, आईफोन 7, 7प्लस या एसई खरीदा था और फोन स्लो होने की दिक्कत आई थी, वे दावे कर सकते हैं। ऐपल के बहुत से यूजर्स और टेक एनालिस्ट ने दिसंबर 2017 में शिकायत की थी कि सॉफ्टवेयर अपडेट के बाद उनके आईफोन स्लो हो गए। उनका कहना था कि ऐपल ने जानबूझकर ऐसा किया ताकि लोग लेटेस्ट आईफोन खरीदने को मजबूर हों।

X

Money Bhaskar में आपका स्वागत है |

दिनभर की बड़ी खबरें जानने के लिए Allow करे..

Disclaimer:- Money Bhaskar has taken full care in researching and producing content for the portal. However, views expressed here are that of individual analysts. Money Bhaskar does not take responsibility for any gain or loss made on recommendations of analysts. Please consult your financial advisers before investing.