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इन राज्‍यों में मिल सकता है 'फ्री' में घर, गुजरात ने कर दी शुरुआत

प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत केंद्र सरकार ने शहरों में 2 करोड़ घर बनाने का टारगेट रखा है।

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नई दिल्‍ली। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत केंद्र सरकार ने शहरों में 2 करोड़ घर बनाने का टारगेट रखा है। इसमें कम आय वर्ग से लेकर मध्‍य आय वर्ग के लिए घर बनाए जा रहे हैं। केंद्र सरकार चार अलग-अलग प्रोग्राम के तहत केंद्रीय सहायता राज्‍यों को देती है और राज्‍य सरकारें अपना शेयर मिलाकर लोगों को मकान देती है। इसमें से एक प्रोग्राम के तहत गुजरात लोगों को फ्री में घर देने की योजना पर काम कर रहा है। गुजरात ने इसकी शुरुआत कर दी है और केंद्र सरकार से केंद्रीय सहायता मांगी है। केंद्र ने इन प्रोजेक्‍ट को मंजूरी भी दे दी है। 

 

आपके राज्‍य में भी हो सकती है शुरू 
केंद्र ने दूसरे राज्‍यों से कहा है कि इस तरह के प्रोजेक्‍ट्स का प्रपोजल बना कर लाएं तो केंद्र उन राज्‍यों को भी केंद्रीय सहायता प्रदान कर सकता है। आज हम बताएंगे कि ये प्रोजेक्‍ट क्‍या हैं और कैसे आम लोगों को इस प्रोजेक्‍ट के तहत फ्री में घर मिल सकता है। 

 

गुजरात ने क्‍या किया 
इस प्रोग्राम के मुताबिक, केंद्र सरकार की ओर से एक घर बनाने के लिए 1 लाख रुपए और गुजरात सरकार द्वारा 1 लाख रुपए यानी 2 लाख रुपए डेवलपर को दिए जाएंगे। डेवलपर को जमीन भी मुफ्त में दी जाएगी, जहां वह लगभग 60 फीसदी हिस्‍से में घर बनाकर गुजरात सरकार को दे देगा। बाकी 40 फीसदी हिस्‍से में डेवलपर घर या कॉमर्शियल स्‍पेस बनाकर बेचेगा। जबकि गुजरात सरकार 60 फीसदी हिस्‍से में बने घर लोगों को फ्री में देगी। 

 

क्‍या है यह प्रोग्राम 
इस प्रोग्राम को आईएसएसआर कहा जाता है। इन-सिटू स्‍लम रिहेबलिटेशन (आईएसएसआर) के तहत स्‍लम बस्तियों में रह रहे लोगों को वहीं पर पक्‍के मकान दिए जाते हैं। स्‍लम बस्‍ती चाहे सरकारी जमीन पर बसी हो या प्राइवेट लैंड पर। उस जगह पर रह रहे झुग्‍गी वासियों को कुछ दिनों के लिए अस्‍थायी तौर पर कहीं और बसाया जाता है और वहां डेवलपर द्वारा पक्‍के मकान बनाए जाते हैं, जिसे बाद में झुग्‍गी वासियों को सौंप दिए जाते हैं, जबकि डेवलपर को एक्‍सट्रा एफएआर दिया जाता है। साथ ही, 1 लाख रुपए प्रति घर भी केंद्र सरकार द्वारा डेवलपर को दिया जाता है। एक्‍सट्रा एफएआर को डेवलपर अपने हिसाब से डेवलप करके बेच सकता है। 

 

 

आगे पढ़ें : इन राज्‍यों में है मौका   

 

दूसरे राज्‍य में भी हो सकती है शुरू 
प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत दिल्‍ली सहित कुछ राज्‍यों को छोड़कर ज्‍यादातर राज्‍यों ने घर बनाने शुरू कर दिए हैं, लेकिन आईएसएसआर प्रोग्राम के तहत प्रोजेक्‍ट शुरू नहीं किए हैं। ऐसे में, यदि दूसरे राज्‍य भी गुजरात मॉडल अपनाते हैं तो इन राज्‍यों में रह रहे लोगों को भी फ्री में घर मिल सकता है, क्‍योंकि केंद्र सरकार ने स्‍पष्‍ट किया है कि आईएसएसआर प्रोग्राम के तहत केंद्र 1 लाख रुपए देगा, लेकिन लोगों से कितना पैसा लेना है, यह राज्‍य सरकार तय करेगी। 

 

आगे पढ़ें : इन राज्‍यों में है मौका   

इन राज्‍यों में हैं मौका 

आईएसएसआर प्रोग्राम के तहत जिन राज्‍यों में घन बनाने के प्रोजेक्‍ट तैयार हो सकते हैं, उनमें उत्‍तर प्रदेश, हरियाणा, राजस्‍थान, मध्‍यप्रदेश, महाराष्‍ट्र, बिहार, झारखंड, हिमाचल प्रदेश, पश्चिम बंगाल, कर्नाटक में भी इस तरह के प्रोजेक्‍ट तैयार हो सकते हैं। जहां स्‍लम में रहने वाले लोगों को फ्री में घर मिल सकता है। 

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