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EPF पेंशनर्स को मेडिकल फैसिलिटी पर 23 Nov को फैसला, ESIC का यह है प्रपोजल

ESIC कर्मचारी भविष्‍य निधि संगठन के पेंशनर्स और उनकी पत्‍नी को पेमेंट बेसिस पर इलाज की सुविधा देने के लिए सहमत हो गया है

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नई दिल्‍ली. इम्‍प्‍लॉइज स्‍टेट इन्‍श्‍योरेंस कॉरपोरेशन (ESIC) कर्मचारी भविष्‍य निधि संगठन के पेंशनर्स और उनकी पत्‍नी को पेमेंट बेसिस पर इलाज की सुविधा देने के लिए सहमत हो गया है। ईएसआईसी ने इस बारे में एक प्रस्‍ताव ईपीएफओ को दिया है। 23 नवंबर को होने वाली सेंट्रल बोर्ड ऑफ ट्रस्‍टी सीबीटी की बैठक में इस प्रस्‍ताव पर फैसला हो सकता है। अगर सीबीटी इस प्रस्‍ताव को मंजूरी देती है तो इससे 50 लाख से अधिक पेंशनर्स को फायदा होगा।  

 

प्राइमरी और सेकेंडरी इलाज की मिलेगी सुविधा 

हाल में ईपीएफओ के सेंट्रल पीएफ कमिश्‍नर डॉ वीपी ज्‍वॉय ने सीबीटी की एग्‍जीक्‍यूटिव कमेटी को बताया कि ईएसआईसी ने पेंशनर्स ओर उनकी पत्‍नी को पेमेंट बेसिस पर इलाज की सुविधा देने का प्रस्‍ताव दिया है। इलाज की सुविधा प्राइमरी और सेकेंडरी इलाज की होगी। केंद्रीय श्रम मंत्रालय ने इस बारे में पहले से ही ईएसआईसी के साथ विचार विमर्श किया है। ऐसे में इस प्रस्‍ताव पर सीबीटी की बैठक में फैसला हो सकता है। 


पेमेंट बेसिस का क्‍या है मतलब? 

पेमेंट बेसिस का मतलब है कि पेंशनर्स को अपना और पत्‍नी का इलाज कराने पर इलाज पर आने वाली लागत का एक हिस्‍सा वहन करना होगा। यह हिस्‍सा कितना होगा यह अभी तय नहीं किया गया है । उदाहरण के लिए अगर इलाज पर 1 लाख का खर्च आता है तो इसका 10 या 20 फीसदी पेंशनर्स को पेमेंट करना होगा। बाकी का खर्च ESIC वहन करेगी।  ईएसआईसी केंद्रीस श्रम मंत्रालस के तहत आता है। 


तय समय सीमा में प्रस्‍ताव पर हो फैसला 

एग्जीक्‍यूटिव कमेटी की मीटिंग में सीबीटी मेंबर एमजे राव ने कहा कि पेंशनर्स को मेडिकल फैसिलिटी देने के प्रावधान पर लंबे समय से विचार विमर्श हो रहा है। और इस काम को एक तय समय सीमा में पूरा किया जाना चाहिए। पिछले काफी समय से ईपीएफओ इस प्रस्‍ताव पर काम कर रह है। ईपीएफओ ने इसके लिए ईएसआईसी को जिम्‍मेदारी दी थी। 

 

आगे पढें- कितनी है ईपीएफओ पेंशनर्स की संख्‍या  

 

 

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