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How to save income tax:आपकी कंपनी सैलरी पर देने वाली है झटका, बचने के लिए अपनाएं ये स्ट्रैटेजी

31 मार्च तक निवेश करना है जरूरी

How to save income tax, how to avoid tax deduction

नई दिल्ली। अगर आपने वित्त वर्ष 2018-19 के लिए ठीक से टैक्स(Tax) प्लानिंग नहीं की है तो आपकी कंपनी जनवरी से लेकर मार्च तक आपको सैलरी पर झटका दे सकती है। आम तौर पर कंपनियां जनवरी से टैक्स सेविंग प्रूफ मांगने लगती हैं। अगर आप समय पर टैक्स सेविंग प्रूफ नहीं जमा करा पाते हैं तो कंपनी आप पर बन रही टैक्स देनदारी के हिसाब से आपकी सैलरी से पैसा काटने लगती हैं। कंपनियां आम तौर पर जनवरी से मार्च तक दो तीन किश्तों में ऐसा करती हैं। अगर आप पहले से अलर्ट नहीं हैं तो टीडीएस(TDS) के तौर पर आपकी सैलरी से बड़ा हिस्सा कट सकता है जिससे आपको जनवरी से मार्च तक जरूरी खर्च पूरा करने में दिक्कत का सामना करना पड़ सकता है। 

 

अभी भी कर सकते हैं टैक्स सेविंग 

 

cleartax की चीफ एडिटर और सीए प्रीति खुराना ने moneybhaskar.com को बताया कि अगर किसी ने अब तक टैक्स बचाने के लिए सेविंग नहीं है तो अब भी ऑप्शन है। आप दिसंबर, से लेकर मार्च  थोड़ा-थोड़ा पैसा पब्लिक प्रॉविडेंट फंड यानी पीपीएफ या इक् विटी लिंक्ड सेविंग स्कीम यानी (ईएलएसएस) में निवेश कर सकते हैं। अगर आपके पास पैसा है तो आप पब्लिक प्रॉविडेंट फंड में एक बार में भी 1.5 लाख रुपए तक जमा कर सकते हैं। इसके अलावा ईएलएसएस में भी सिस्टमैटिक इन्वेस्टमेंट प्लान के तहत आप मार्च तक हर माह एक तय अमाउंट जमा कर सकते हैं। न्यू पेंशन सिस्टम यानी एनपीएस में भी आप चाहें तो एक बार में पैसा जमा कर सकते हैं। 

 

31 मार्च तक निवेश करना है जरूरी 

 

प्रीति खुराना का कहना है कि आजकल कंपनियां सैलरी स्लिप में ही बता देती हैं कि आपकी सैलरी का कितना हिस्सा टैक्सेबल है और आपकी टैक्स देनदारी कितनी है। ऐसे में आप खुद ही एक मोटा अंदाजा लगा कर अगले चार महीनों में इसके हिसाब से निवेश कर सकते हैं।  अगर आप कंपनी का इन्वेस्टमेंट प्रूफ नहीं भी दे पाते हैं लेकिन आपने 31 मार्च, 2019 से पहले निवेश किया है तो आप इनकम टैक्स रिटर्न फाइल करके टैक्स छूट क्लेम कर सकते हैं।  

 

2.5 लाख रुपए से अधिक टैक्सेबल इनकम वालों के लिए रिटर्न फाइल करना है जरूरी 

 

इनकम टैक्स के मौजूदा नियमों के तहत सालाना 2.5 लाख रुपए से अधिक की टैक्सेबल इनकम वालों के लिए इनकम टैक्स रिटर्न फाइल करना जरूरी है। अगर आपकी सालाना टैक्सेबल इनकम इससे अधिक है तो आप 80 सी के तहत पीपीएफ, न्यू पेंशन सिस्टम, सुकन्या समृ्द्धि स्कीम जैसी स्कीमों में 1.5 लाख रुपए तक निवेश करके टैक्स छूट क्लेम कर सकते हैं। 

 

 

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