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1.8 लाख खर्च में होगी 50 हजार मंथली कमाई, इस स्कीम का उठाएं फायदा

2 लाख रुपए से कम निवेश में भी आप वुडेन फर्नीचर बनाने वाली यूनिट लगा सकते हैं।

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नई दिल्ली। अगर आपके पास 2 लाख रुपए हैं और आप उसके जरिए कोई कारोबार शुरू करने को तैयार हैं तो ये विकल्प आपके लिए मुनाफे का सौदा हो सकता है। 2 लाख रुपए से कम निवेश में भी आप वुडेन फर्नीचर बनाने वाली यूनिट लगा सकते हैं। बस इसके लिए आपके पास 700 वर्गफुट की जगह होनी जरूरी है। वुडेन फर्नीचर की डिमांड पूरे साल और घर-घर में होती है। ऐसे में ये फर्नीचर मार्केट आपके लिए फायदे की गारंटी बन सकता है।

 

इंडिया की बात करें तो फर्नीचर से जुड़े ब्रांड की बजाए लोग बेहतर प्रोडक्ट खरीदने पर ज्यादा ध्‍यान देते हैं। ऐसे में यहां ब्रांड न होना भी कोई परेशानी नहीं है। सरकार अपनी खास स्कीम में लोगों को वुडेन फर्नीचर के लिए मैन्युफैक्चरिंग यूनिट लगाने का मौका दे रही है, जिसमें आपको अपने पास 1.87 लाख रुपए दिखाना जरूरी है। बाकी खर्च का सहयोग सरकार करेगी, जिसे होने वाले मुनाफे में से आसान किश्‍तों पर चुकाया जा सकता है। 

 

लैंड: 700 वर्गफुट खुद का या किराए पर भी ले सकते हैं।


खर्चों का ब्रेक-अप: कारोबार शुरू करने के लिए आपको खुद के पास से सिर्फ 20 फीसदी ही निवेश करना है। बाकी के पूरे खर्च के लिए सरकार की ओर से आसान किश्‍तों पर मदद मिलेगी। 

आगे पढ़ें, कारोबार शुरू करने के लिए फर्नीचर बिजनेस का पूरा गणित.....

प्रोजेक्ट पर कुल कितना आएगा खर्च


रॉ मैटेरियल पर खर्च : 1.50 लाख रुपए प्रति माह
(इसमें अलग-अलग किस्म की लकड़ी, प्लाईवुड, प्लेन ग्लास, फेविकोल, सनमाइका जैसे प्रोडक्ट शामिल हैं। अगर इन पर शुरू में 1.55 लाख रुपए खर्च करें तो शुरूआती ऑर्डर के लिए आपका कारोबार शुरू हो जाएगा।)

 

सैलरी पर कितना खर्च: 40 हजार रुपए 
शुरूआती कारोबार के लिए आपको कम से कम 4 वर्कर रखने होंगे। प्रति वर्कर को 10 हजार रुपए सैलरी दें तो मंथली 40 हजार रुपए खर्च होंगे। 

 

बिजली पर खर्च: 4 हजार रुपए मंथली

 

वर्किंग कैपिटल प्रति माह: 1,94,000 रुपए 
3 माह के लिए वर्किंग कैपिटल: 5.8 लाख रुपए 


(नोट: कारोबार शुरू करने के लिए हमें शुरू में कम से कम 3 महीने के लिए वर्किंग कैपिटल रखना होगा। जिससे बनने वाले प्रोडक्ट में कमी न आए और ऑर्डर मिलने पर देरी न हो।) 

 

मशीनरी पर खर्च: 3.55 लाख रुपए 


प्रोजेक्ट पर कुल खर्च: 3.5 लाख + 5.8 लाख = 9.3 लाख रुपए 
(खुद का निवेश: 1.87 लाख रुपए 
कंपोजिट लोन: 7.48 लाख रुपए) 

 

आगे पढ़ें, बिक्री और मुनाफे की गणित.......

 

1. सालाना प्रोडक्शन कास्ट: 24.27 लाख रुपए (9.3 लाख रुपए प्रोजेक्ट कास्ट पर)


-साल भर के रॉ मैटेरियल पर खर्च: 18 लाख रुपए
-साल भर की सैलरी पर खर्च : 4.80 लाख रुपए
-यूटिलिटीज पर खर्च:  48 हजार रुपए
-मशीनरी की मेंटिनेंस पर खर्च:  50 हजार रुपए 
-बैंक लोन @12%: 90 हजार रुपए 

 

2. सालाना टर्न ओवर : 30.10 लाख रुपए


अगर हर माह 1.5 लाख रुपए के रॉ मैटेरियल पर काम हो तो सालभर में बनने वाले सोफा, बेड जैसे प्रोडक्ट की बिक्री से 12 लाख रुपए, चेयर की बिक्री से 4.2 लाख रुपए, विंडो की बिक्री से 4.9 लाख रुपए और डोर की बिक्री से 9 लाख रुपए रेवेन्यू मिलेगा। 

 

3. प्रॉफिट: 5.82 लाख रुपए सालाना
30.10 लाख रुपए - 24.27 लाख रुपए = 5.82 लाख रुपए 

आगे पढ़ें, कैसे शुरू करें कारोबार ......

 

 

ऐसे करें अप्लाई 
इसके लिए प्रधानमंत्री मुद्रा योजना के तहत आप किसी भी बैंक में अप्लाई कर सकते हैं। इसके लिए आपको एक फॉर्म भरना होगा, जिसमें ये डिटेल देनी होगी...
नाम, पता, बिजनेस शुरू करने का एड्रेस, एजुकेशन, मौजूदा इनकम और कि‍तना लोन चाहिए। इसमें किसी तरह की प्रोसेसिंग फीस या गारंटी फीस भी नहीं देनी होती। लोन का अमाउंट 5 साल में लौटा सकते हैं।
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