बिज़नेस न्यूज़ » Market » Stocksकैपिटल सपोर्ट से PSU बैंकों का बेहतर हुआ सेंटीमेंट, स्टॉक में अच्छे ग्रोथ की उम्मीद

कैपिटल सपोर्ट से PSU बैंकों का बेहतर हुआ सेंटीमेंट, स्टॉक में अच्छे ग्रोथ की उम्मीद

एक्सपर्ट्स का कहना है कि पीएसयू बैंकों के लिए सरकार द्वारा किए जा रहे रिफॉर्म्स सही डायरेक्शन में हैं।

1 of

नई दिल्ली। रीकैपिटलाइजेशन प्लान के तहत सरकार ने पहले फेज में पीएसयू बैंकों के लिए कैपिटल सपोर्ट का एलान कर दिया है। एक्सपर्ट्स का कहना है कि पीएसयू बैंकों के लिए सरकार द्वारा किए जा रहे रिफॉर्म्स सही डायरेक्शन में हैं। इससे सेक्टर को लेकर मार्केट सेंटीमेंट और बेहतर होगा। रीकैप प्लान के अलावा रिटेल और एसएमई सेक्टर में लेंडिंग बढ़ाने की कोशिशें भी हो रही है ।

 

 

पिछले एक हफ्ते से बनी है तेजी
बुधवार को मार्केट बंद होने के बाद सरकार की ओर से यह जानकारी दी गई कि पहले फेज में किस बैंक को कितना सपोर्ट मिलेगा। एक्सपर्ट्स का कहना है कि इसका असर पीएसयू बैंक शेयरों की ट्रेडिंग में दिखेगा। कैपिटल सपोर्ट के एलान की उम्मीद से पिछले एक हफ्ते से बैंक शेयरों में तेजी बनी हुई है। 

 

पिछले 6 ट्रेडिंग सेशन की बात करें तो पंजाब नेशनल बैंक में 10.3 फीसदी, एसबीआई में 6.9 फीसदी, बैंक ऑफ बड़ौदा में 8.5 फीसदी, केनरा बैंक में 7.5 फीसदी, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया में 5.1 पीसदी, इंडियन बैंक में 4.4 फीसदी, सिंडिकेट बैंक में 4.2 फीसदी और बैंक ऑफ इंडिया में 4.2 फीसदी की तेजी बनी हुई है। 

 

 

छोटे बैंकों को मिलेगा फायदा 
फॉर्च्युन फिस्कल के डायरेक्टर जगदीश ठक्कर का कहना है कि पीएसयू बैंक सेक्टर को लेकर सरकार के रिफॉर्म सही दिशा में जाने के संकेत हैं। पहले फेज के एलान में सरकार ने कुछ छोटे बैंकों पर फोकस किया है जिन्हें कैपिटल सपोर्ट की जरूरत थी। उनका कहना है कि एसबीआई, पीएनबी और बैंक ऑफ बड़ौदा जैसे बड़े बैंकों को लेकर ज्यादा चिंता नहीं थी। लेकिन आईडीबीआई, देना बैंक यूको बैंक जैसे छोटे बैंकों को कैपिटल सपोर्ट से स्ट्रेस्ड लोन का दबाव कम करने में मदद मिलेगी। बैंकों को उनकी परफॉर्मेंस के हिसाब से पैसा मिलेगा, जिससे उनकी बैलेंसशीट तो मजबूत होगी ही, लोन देने के लिए भी उनके पास पैसा आएगा। क्रेडिट ग्रोथ बढ़ने से पीएसयू बैंकों में नई ग्रोथ देखने को मिलेगी। 

 

2018 में बैंक शेयरों में बनेगा अच्छा पैसा
कॉरपोरेट स्कैन डाट कॉम के सीईओ विवेक मित्तल का कहना है कि अब तक यह सवाल बना हुआ था कि किस बैंक को कितना पैसा मिलेगा। लेकिन अब स्थिति साफ हो चुकी है। छोटे बैंकों को उनके मार्केट शेयर के रेश्‍यो में ज्यादा पैसा मिल रहा है। वैसे तो रिफॉर्म का फायदा पूरे सेक्टर को होगा, लेकिन देना बैंक, बैंक ऑफ इंडिया, यूनियन बैंक और ओरिएंटल बैंक ऑफ कॉमर्स जैसे छोटे बैंक रियल विनर साबित हो सकते हैं। इस साल इनमें 12 से 45 फीसदी तक रिटर्न मिल सकता है। फिलहाल पीएसयू बैंक शेयरों में नई रैली शुरू होने वाली है। इस साल निवेशक शेयरों में अच्छा पैसा बना सकते हैं। 

 

रिटेल-SME लेंडिंग में बढ़ेगा मार्केट शेयर 
ब्रोकरेज हाउस सिस्टेमैटिक्स स्टॉक्स एंड शेयर के मुताबिक सरकारी बैंकों की कैपिटल की जरूरतें पूरी होने से उन्हें रिटेल लेंडिंग के साथ स्माल एंड मीडियम इंटरप्राइजेज लेंडिंग सेग्मेंट में मार्केट शेयर बढ़ाने में मदद मिलेगी। ब्रोकरेज हाउस का कहना है कि  रीकैप प्लान सेक्टर के लिए कैटलिस्ट साबित हो सकता है, जो बैड लोन के दबाव को कम करने के साथ ही ग्रोथ मजबूत करने में असरदायक होगा। ब्रोकरेज हाउस के मुताबिक इस प्लान का सबसे ज्यादा फायदा स्टेट बैंक ऑफ इंडिया, बैंक ऑफ बड़ौदा और पंजाब नेशनल बैंक जैसे बड़े लेंडर्स को होगा।

 

Get Latest Update on Budget 2018 in Hindi

 

आगे पढ़ें, किस बैंक को कितना मिलेगा पैसा 

 

किस बैंक को कितना मिलेगा पैसा

 
बैंक रीकैपिटलाइजेशन के तहत इस फाइनेंशियल ईयर के अंत तक सरकार 20 सरकारी बैंकों को 88000 करोड़ रुपए से ज्यादा देगी।

एसबीआई को 8880 करोड़, पीएनबी को 5473 करोड़, बैंक ऑफ बड़ौदा को 5375 करोड़, केनरा बैंक को 4865 करोड़, बैंक ऑफ इंडिया को 9332 करोड़, देना बैंक को 3045 करोड़, आईडीबीआई को 10610 करोड़, यूनियन बैंक को 4524 करोड़, ओरिएंटल बैंक को 3571 करोड़, बैंक ऑफ महाराष्‍ट्र को 3173 करोड़, पंजाब एंड सिंध बैंक को 790 करोड़, कॉरपोरेशन बैंक को 2187 करोड़, इंडियन ओवरसीज बैंक को 4694 करोड़, यूको बैंक को 6507 करोड़, विजया बैंक को 1277 करोड़, सेंट्रल बैंक को 5158 करोड़, यूनाइटेड बैंक को 2634 करोड़ और आंध्र बैंक को 1890 करोड़ रुपए मिलेंगे। 

prev
next
मनी भास्कर पर पढ़िए बिज़नेस से जुड़ी ताज़ा खबरें Business News in Hindi और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट