Home » Market » Stocksसैलरी के अलावा भी लाखों रुपए देती है यह कंपनी, ऐसे होता है फायदा- Big cheer for Infosys employees 95 percent variable pay off

सैलरी के अलावा भी लाखों रुपए देती है यह कंपनी, ऐसे होता है फायदा

भारत की इस कंपनी को अच्छी सैलरी देने के लिए जाना जाता है।

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नई दिल्ली. भारत की इस कंपनी को अच्छी सैलरी देने के लिए जाना जाता है। इतना ही नहीं यह कंपनी अपने इम्प्लॉइज को सैलरी के अलावा भी लाखों रुपए देती है। हाल में उसके दिसंबर में समाप्त क्वार्टर के नतीजों से इस बात का खुलासा हुआ। यह कंपनी देश की दूसरी बड़ी आईटी कंपनी इन्फोसिस है, जिसने अपने इम्प्लॉइज को यह सौगात दी है।

 

9 क्वाटर्स में सबसे ज्यादा वैरिएबल पे

इन्फोसिस ने अपने इम्प्लॉइज को बड़ी खुशखबरी दी है। कंपनी ने दिसंबर, 2017 में समाप्त क्वार्टर के दौरान कमजोर परफॉर्मैंस के बावजूद सैलरी के अलावा भी अच्छा भुगतान किया, जो वैरिएबल पे के रूप में किया गया। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक दिसंबर क्वार्टर के दौरान इम्प्लॉइज को 95 फीसदी वैरिएबल पे ऑफर की गई, जो बीते लगभग 9 क्वार्टर्स में सबसे ज्यादा रही। अभी तक आम तौर पर 75 फीसदी वैरिएबल पे ऑफर की जाती थी।

 

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क्या होती है वैरिएबल पे

वैसे तो वैरिएबल पे सीटीसी यानी सैलरी का पार्ट होता है, लेकिन इसके साथ कुछ शर्तें जुड़ी होती हैं। यानी कंपनियां वैरिएबल को काफी हद तक इम्प्लॉई के परफॉर्मैंस से लिंक कर देती हैं। ऐसे में अच्छी परफॉर्मैंस करने वाले कंपनियों को सैलरी के अलावा भी अच्छी रकम मिल जाती है। 

 

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बीते हजार बेस्ट परफॉर्मर्स को मिले थे आईफोन

सलिल पारेख ने 2 जनवरी, 2018 से ही एमडी एवं सीईओ के तौर पर इन्फोसिस की कमान संभाली है। उन्होंने 5 साल के लिए इस पद पर अप्वाइंट किया गया है। पारेख से पहले सीईओ रहे विशाल सिक्का की अगुआई में कंपनी ने बीते साल अच्छी परफॉर्मैंस देने वाले 3 हजार कर्मचारियों को आईफोन 6एस दिया गया। इसका उद्देश्य उनके अच्छे कामकाज को रिवार्ड देना और कंपनी में बढ़ती नौकरी छोड़ने की दर में कमी लाना था।

 

 

कंपनी को हुआ 5,129 करोड़ रु का मुनाफा

दिसंबर में समाप्त क्वार्टर के दौरान कंपनी का मुनाफा 33 फीसदी बढ़कर 5129 करोड़ रुपए हो गया, जबकि इससे पिछली तिमाही के दौरान कंपनी का मुनाफा 3726 करोड़ रुपए रहा था। कंपनी ने फाइनेंशियल ईयर 2018 के लिए एबिटडा मार्जिन गाइडैंस 23-25 फीसदी पर बरकरार रखा है। कंपनी का लाभ टैक्स खर्च में आने वाली कमी से बढ़ा है।

 

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दिसंबर क्वार्टर में कीं 12622 नई हायरिंग

इस दौरान इन्फोसिस की स्टैंडअलोन एट्रिशन दर यानी नौकरी छोड़ने की दर 17.2 फीसदी से घटकर 15.8 फीसदी रह गई, जबकि कंसॉलिडेटेड एट्रिशन दर 15.8 फीसदी रही है। तीसरी तिमाही में कंपनी ने कुल 12622 नई हॉयरिंग की है।

 

 

सिक्का को मिलेगी इतनी सैलरी

हाल में इन्‍फोसिस के सीर्इओ व एमडी बने सलिल एस पारेख का सालाना वेतन 16.25 करोड़ रुपए होगा। यह राशि इन्‍फोसिस के पूर्व सीईओ विशाल सिक्‍का के सालाना वेतन के मुकाबले आधे से भी कम है।

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