विज्ञापन
Home » Industry » Service SectorIndians got second position to sending money at home

भारतीयों की गाढ़ी कमाई से अपनी झोली भरते हैं ये देश, ऐसे उठाते हैं फायदा

इसके खिलाफ विश्व के कई देशों ने उठाएं हैं सवाल

1 of

नई दिल्ली. विदेश में रहने वाले भारतीय दिन-रात मेहनत करके पैसे कमाते हैं, जिससे वो भारत में रहने वाले अपने परिवार के लिए पैसे भेज सकें। लेकिन घर पहुंचने से पहले ही भारतीयों के पैसों में कटौती हो जाती है। दरअसल विदेश से भारत पैसे भेजने पर कमाई का बड़ा हिस्सा फंड ट्रांसफर की फीस के तौर पर काट लिया जाता है। 

 

 

168 अरब रुपए दी ट्रांजैक्शन फीस 

विदेश से भारत पैसा भेजने का प्रमुख जरिया बैंक, मनी ट्रांसफर ऑपरेटर या फिर पोस्ट ऑफिस होते हैं। इससे भारत रकम भेजने पर औसतन 3.27 फीसदी रकम ट्रांजैक्शन फीस के रुप में देनी पड़ती है। भारतीयों से साल 2017 में 168.33 अरब रुपए ट्रांजैक्शन फीस दी है।  

भारतीयों के फंड ट्रांसफर से कमाई करने वाले दुनिया के टॉप 5 देश 

देश  वसूली ट्रांजैक्शन मनी 
UAE 47.1 करोड़ डॉलर (3.3 हजार करोड़ रुपए)
सऊदी अरब - 25 करोड़ डॉलर (1.78 हजार करोड़ रुपए)
अमेरिका - 24.7 करोड़ डॉलर (1.76 हजार करोड़ रुपए )
कतर - 16.8 करोड़ डॉलर (1.20 हजार करोड़ रुपए)
कुवैत -   9.3 करोड़ डॉलर (677 करोड़ रुपए )

भारतीय पैसे भेजने के मामले में विश्व में दूसरे पायदान पर 

भारतीय दुनिया में चीन के बाद सबसे ज्यादा पैसे भारत भेजते हैं। इस मामले में भारत दूसरे पायदान पर है। विदेश से कमाई भारत भेजे जाने वाली कुल रकम का 59 प्रतिशत केरल, महाराष्ट्र, कर्नाटक और तमिलनाडु को मिलता है। साल 2017 में भारत को कुल 68.97 अरब डॉलर रुपए भारत भेजे गए। 

संयुक्त राष्ट्र ने ट्रांजैक्शन फीस में कटौती की रखी मांग

विश्व के कई देश इस ट्रांजैक्शन फीस के खिलाफ आवाज उठा चुके हैं। जी-20 के सदस्‍य देशाें ने फंड ट्रांसफर सर्विस में कटौती की मांग की है। कई देशों ने इसे 5 प्रतिशन करने का सुझाव दिया है, जबकि संयुक्‍त राष्‍ट्र ट्रांजैक्शन फीस को 3 प्रतिशन करने की मांग रखी है। 

 

 

prev
next
मनी भास्कर पर पढ़िए बिज़नेस से जुड़ी ताज़ा खबरें Business News in Hindi और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट
विज्ञापन
विज्ञापन