2022 तक सबको घर देने के लक्ष्य में हो सकती है देरी, 4 साल में बने मात्र 39% घर, रिपोर्ट में खुलासा

PMAY Affordable house in trouble: प्रधानमंत्री आवास योजना (PMAY) के तहत साल 2022 तक सबको घर देने का लक्ष्य तय किया गया है। हालांकि योजना के शुरूआती 5 साल में घर बनने की रफ्तार काफी कम रही है।

Money Bhaskar

Mar 27,2019 11:30:00 AM IST

नई दिल्ली. प्रधानमंत्री आवास योजना (PMAY) के तहत साल 2022 तक सबको घर देने का लक्ष्य तय किया गया है। हालांकि जून 2015 में लॉन्च योजना के शुरूआती 4 साल में घर बनने की रफ्तार काफी कम रही है। इन 4 सालों में महज 39 प्रतिशत मकान ही बनाए जा सके हैं। ऐसे में 2022 तक सबको घर देने के लक्ष्य को पूरा करने के लिए अगले 3 साल में 61 फीसदी मकान बनाने होंगे।

7 प्रमुख शहरों में घरों की कीमत औसतन 7 प्रतिशत बढ़ी


इंडिया टुडे की खबर के मुताबिक रियल स्टेट परामर्श दात्री कंपनी एनारॉक की रिपोर्ट को मानें तो PMAY के तहत सस्ते आवासीय परियोजना की रफ्तार सुस्त है। आवासीय और शहरी मामलों के मंत्रालय के अनुसार, इस योजना के तहत मंजूर 79 लाख घरों में से अब तक सिर्फ 39 फीसदी घरों का निर्माण पूरा हो पाया है। रियल स्टेट विशेषज्ञों के आंकड़ों के मुताबिक सात प्रमुख शहरों में घरों के दाम औसतन 7 प्रतिशत बढ़े हैं। इसी तरह घरों की आपूर्ति में इस दौरान 64 प्रतिशत की गिरावट आई है। लेकिन अगर मुद्रास्फीति को शामिल किया जाए तो वास्तव में घरों के दाम कम हुए हैं।

घरों की आपूर्ति में पिछले 5 सालों में 64 फीसदी की कमी

दिल्ली-एनसीआर, मुंबई महानगर क्षेत्र, चेन्नई, कोलकाता, बेंगलुरु, हैदराबाद और पुणे शहर में हुए सर्वे के मुताबिक नई आवासीय इकाइयों की आपूर्ति में पिछले 5 सालों में 64 फीसदी की कमी आई है। वर्ष 2014 में जहां 5.45 लाख हाउसिंग यूनिट्स थीं, वहीं 2018 में 1.95 लाख रह गई हैं। रिपोर्ट के मुताबिक घरों की बिक्री भी पिछले 5 वर्षों में 28 फीसदी घट गई है। वर्ष 2014 में जहां 3.43 लाख घरों की बिक्री हुई, वहीं पिछले साल 2.48 लाख घर बिके।

X
COMMENT

Money Bhaskar में आपका स्वागत है |

दिनभर की बड़ी खबरें जानने के लिए Allow करे..

Disclaimer:- Money Bhaskar has taken full care in researching and producing content for the portal. However, views expressed here are that of individual analysts. Money Bhaskar does not take responsibility for any gain or loss made on recommendations of analysts. Please consult your financial advisers before investing.