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बिज़नेस न्यूज़ » Industry » E-Commerceफ्लिपकार्ट का खेल, अमेजन में सीखा काम और वालमार्ट को बेच दी 1 लाख करोड़ में कंपनी

फ्लिपकार्ट का खेल, अमेजन में सीखा काम और वालमार्ट को बेच दी 1 लाख करोड़ में कंपनी

नई दिल्‍ली। फ्लिपकार्ट के को-फाउंडर्स सचिन बंसल और बिन्‍नी बंसल ने अमेजन में पहली नौकरी करके काम सीखा और बाद में उसकी प्रतिद्वंदी कंपनी वॉलमार्ट को अपनी कंपनी 1 लाख करोड़ रुपए में बेच दी। अमेरिका में वॉलमार्ट और अमेजन में कड़ी प्रतिस्‍पर्धा रहती है। दोनों एक दूसरे आगे निकलने के लिए किसी भी स्‍तर तक जा सकते हैं, लेकिन भारत में वॉलमार्ट ने अमेजन का पीछे छोड़ दिया है। 

 

 

IIT में हुई थी दोनों की दोस्‍ती 
फ्लिपकार्ट के को-फाउंडर्स सचिन बंसल और बिन्‍नी बंसल ने दिल्‍ली IIT से पढ़ाई के बाद एक साथ अमेजन में काम शुरू किया था। इस दौरान दोनों के मन में अपनी कंपनी शुरू करने की बात आई। इसके साथ ही दोनों ने अमेजन में मन लगाकर काम किया और ई-कामर्स को पूरी तरह से समझा। इसके बाद दोनों ने अमेजन को छोड़ दिया और अपनी कंपनी फ्लिपकार्ट की शुरुआत की। इस कंपनी की शुरुआत बंगलुरू में 2007 में हुई। 

 

 

कठिन थी शुरुआत 
दोनों ने मिलकर 6200 डालर खर्च करके अपनी कंपनी फ्लिपकार्ट के लिए ऑनलाइन साइट डेवलप की। इसमें उन्‍होंने सबसे पहले किताब बेचने का कारोबार शुरू किया, लेकिन पहला आर्डर पाने के लिए उन्‍हें कई माह का इंतजार करना पड़ा। इसके बाद पहला आर्डर जॉन वुड्स की 'लिविंग माइक्रोसॉफ्ट टू चेंज द वर्ल्‍ड' का मिला। इसके बाद भी संघर्ष चलता रहा और एक साल में फ्लिपकार्ट से 20 किताबें ही बिक सकीं। इस दौरान उन्‍हें अपने घर से खर्च चलाने के लिए पैसे मंगाने पड़ते थे। 

 

 

हार नहीं मानी और फिर चल पड़ा कारोबार 
कंपनी शुरू करने के 18 महीने बाद तक उन्‍हें अपनी जेब से पैसा खर्च करके उसे चलना पड़ रहा था। लकिन वह लोग निराश नहीं हुए। आखि‍रकार किस्‍मत ने साथ दिया और वर्ष 2009 में एसेल पार्टनर (इंडिया) का साथ मिल गया। एसेल पार्टनर ने फ्लिपकार्ट में 10 लाख डॉलर का निवेश किया। इसके बाद तो कारोबार बढ़ता गया यह 10 साल में 1 लाख करोड़ रुपए की कंपनी बन गई। 

 
 

आगे पढ़ें : अब अलग हो जाएंगे को फाउंडर के रास्‍ते

 

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