7000 टन सीमेंट और 85 फीसदी तांबे से बनकर तैयार हुआ दुनिया का सबसे लंबा 'Statue Of Unity'

statue of unity of sardar patel to be inaugurated on 31st Oct 182 meters tall in gujarat: गुजरात के अहमदाबाद में 182 मीटर ऊंचा विश्व का सबसे ऊंचा स्टैच्यू बनकर तैयार हो गया है। इसे मात्र 42 महीनों में 7000 टन सीमेंट 22500 टन स्टील के इस्तेमाल से बनाया गया। सरदार पटेल के इस स्टैच्यू में 1700 मीट्रिक टन तांबे का प्रयोग किया गया है। इसकी खास बात ये है कि इसमें 6.5 तीव्रता काे भूकंप को सहने की क्षमता है। इसके साथ ही यह 220 किमी प्रतिघंटे की रफ्तार से चलने वाली हवाओं को भी सहन कर सकता है। स्टैच्यू ऑफ यूनिटी के बाद चीन में बनी बुद्ध प्रतिमा का नंबर आता है। जिसकी लंबाई 128 मीटर है। यह स्टैच्यू पीएम मोदी का ड्रीम प्रोजेक्ट है।

Money Bhaskar

Oct 27,2018 03:46:00 PM IST

अहमदाबाद: गुजरात के अहमदाबाद में 182 मीटर ऊंचा विश्व का सबसे ऊंचा स्टैच्यू बनकर तैयार हो गया है। इसे मात्र 42 महीनों में 7000 टन सीमेंट 22500 टन स्टील के इस्तेमाल से बनाया गया। सरदार पटेल के इस स्टैच्यू में 1700 मीट्रिक टन तांबे का प्रयोग किया गया है। इसकी खास बात ये है कि इसमें 6.5 तीव्रता काे भूकंप को सहने की क्षमता है। इसके साथ ही यह 220 किमी प्रतिघंटे की रफ्तार से चलने वाली हवाओं को भी सहन कर सकता है। स्टैच्यू ऑफ यूनिटी (Statue Of Unity) के बाद चीन में बनी बुद्ध प्रतिमा का नंबर आता है। जिसकी लंबाई 128 मीटर है। यह स्टैच्यू पीएम मोदी का ड्रीम प्रोजेक्ट है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 31 अक्टूबर 2018 को स्टैच्यू का उद्धाटन करेंगे।


लिफ्ट के जरिए पर्यटक देख पाएंगे सरदार पटेल के स्टैच्यू को

स्टैच्यू ऑफ यूनिटी पीएम मोदी का ड्रीम प्रोजेक्ट था, जो कि 19700 वर्ग किलोमीटर में फैली एक परियोजना का हिस्सा था। इसमें करीब 17 किलोमीटर लंबी फूलों की घाटी भी शामिल है। स्टैच्यू को देखने के लिए लिफ्ट भी लगाई गई है। पर्यटक लिफ्त के जरिए सरदार पटेल के दिल तक पहुंच सकते हैं। इसके साथ ही 153 मीटर लंबी गैलेरी के जरिए लगभग 200 लोग एक साथ इस स्टैच्यू को देख सकते हैं। इस स्टैच्यू को 4 धातुओं से बनाया गया है जो कि इसे जंग से बचाने में मदद करेगा।


स्टैच्यू को हू-ब-हू सरदार पटेल का लुक देना था बड़ी चुनौती
इस स्टैच्यू में 85 फीसदी ताबें का इस्तेमाल किया गया है। इस स्टैच्यू को हू-ब-हू सरदार पटेल का लुक देने के लिए अमेरिका से लेकर चीन तक के शिल्पकारों ने खूब मशक्कत की। अमेरिकी आर्किटेक्ट माइकल ग्रेस और टनल एसोसिएट ने भारत भर में इस प्रोजेक्ट पर शोध करने के बाद स्टैच्यू ऑफ यूनिटी का फाइनल मॉडल तैयार किया। इस स्टैच्यू के निर्माण का कार्य पूरा हो चुका है।

X
COMMENT

Money Bhaskar में आपका स्वागत है |

दिनभर की बड़ी खबरें जानने के लिए Allow करे..

Disclaimer:- Money Bhaskar has taken full care in researching and producing content for the portal. However, views expressed here are that of individual analysts. Money Bhaskar does not take responsibility for any gain or loss made on recommendations of analysts. Please consult your financial advisers before investing.