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पराली से बिजली उत्पादन शुरू, पराली बेचने के लिए एनटीपीसी से संपर्क करें

एनटीपीसी के दादरी प्लांट में पराली से बन रही है बिजली

NTPC Dadri begins power generation by using agricultural residues

NTPC Dadri begins power generation by using agricultural residues : प्रदूषण की समस्या को दूर करने और किसानों को कमाई करने के उद्देश्य से नेशनल थर्मल पावर कॉरपोरेशन (एनटीपीसी) ने पराली जैसे कृषि अवशेषों से बिजली का निर्माण शुरू कर दिया है। एनटीपीसी ने सबसे पहले दादरी स्थित पावर प्लांट में पराली से बिजली का निर्माण शुरू कर दिया है। यह जानकारी एनटीपीसी ने एक बयान जारी कर दी है। 

नई दिल्ली। प्रदूषण की समस्या को दूर करने और किसानों को कमाई करने के उद्देश्य से नेशनल थर्मल पावर कॉरपोरेशन (एनटीपीसी) ने पराली जैसे कृषि अवशेषों से बिजली का निर्माण शुरू कर दिया है। एनटीपीसी ने सबसे पहले दादरी स्थित पावर प्लांट में पराली से बिजली का निर्माण शुरू कर दिया है। यह जानकारी एनटीपीसी ने एक बयान जारी कर दी है। एनटीपीसी की ओर से जारी बयान के अनुसार, धान की पराली और अन्य कृषि अवशेषों से बनी पेलेट्स से बिजली की निर्माण किया जा रहा है। 

 

पेलेट्स बनाकर किया जाता है इस्तेमाल
एनटीपीसी की ओर से जारी बयान के अनुसार, किसी काम न आने वाले कृषि अवशेषों को किसान खेतों में ही जला देते हैं। इससे भारी मात्रा में राख हवा में जा मिलती है, जिससे वायु प्रदूषण बढ़ता है। इस समस्या को दूर करने के लिए एनटीपीसी ने दादरी प्लांट में धान की पराली व अन्य कृषि अवशेषों के बने पेलेट्स से आंशिक रूप से बिजली का निर्माण शुरू कर दिया है। हालांकि, अभी कम आपूर्ति होने के कारण बड़े स्तर पर बिजली का निर्माण नहीं हो पा रहा है। आने वाले दिनों में पराली की पेलेट्स की आपूर्ति की समस्या को दूर कर लिया जाएगा।

 

हर साल पैदा होता है 145 मिलिटन टन कृषि अवशेष

एनटीपीसी की ओर से जारी बयान के अनुसार, उसने देश भर में फैले अपने 21 सभी पावर प्लांट्स में पराली और अन्य कृषि अवशेषों से बने पेलेट्ल से बिजली बनाने की योजना बनाई है। इन सभी 21 पावर प्लांट्स की खपत झमता सालाना 19400 टन प्रतिदिन है। आंकड़ों के अनुसार, इस समय हर साल करीब 154 मिलियन टन कृषि अवशेष पैदा होता है। यदि इसका इस्तेमाल एनटीपीसी में किया जाता है तो इससे 30 हजार मेगावाट बिजली पैदा होगी, जो डेढ़ लाख मेगावाट 150000 MW क्षमता के सोलर पैनल से होने वाले बिजली उत्पादन के बराबर है। इससे लगभग एक लाख करोड़ का बाज़ार खड़ा हो सकता है। पेलेट्स की आपूर्ति के लिए एनटीपीसी ने निविदा आमंत्रित की हैं। स्टार्टअप और अन्य उद्यमी www.ntpctender.com पर पंजीकरण कराकर फॉर्म डाउनलोड कर सकते हैं। 

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