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नवंबर में सुस्‍त पड़ा सर्विस सेक्‍टर, GST के कन्‍फ्यूजन से 3 माह के निचले स्‍तर पर PMI

निक्‍केई इंडिया सर्विसेज पर्चेजिंग मैनेजिंग इंडेक्‍स (PMI) की नवंबर माह में रीडिंग 48.5 रही

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नई दिल्‍ली. कमजोर मांग और जीएसटी से पैदा हुए कन्‍फ्यूजन के चलते नवंबर माह में देश की सर्विस सेक्‍टर की गतिविधियों में गिरावट का रुख देखने को मिला। सर्विस सेक्‍टर की गतिविधि मापने वाला निक्‍केई इंडिया सर्विसेज पर्चेजिंग मैनेजिंग इंडेक्‍स (PMI) नवंबर माह में 48.5 पर रहा, अक्‍टूबर में यह 51.7 था। सर्विस पीएमआई में पिछले तीन महीनों में पहली बार गिरावट रही है। बता दें, 50 से कम रीडिंग सेक्‍टर में गिरावट और 50 से ज्‍यादा ग्रोथ को दर्शाती है। 

 

लगातार रिकवरी की उम्‍मीदों को लगा झटका 

इस रिपोर्ट की लेखिका और आईएचएस मार्किट की अर्थशास्‍त्री आश्‍ाना डोढिया ने कहा कि पिछले दो महीने सर्विस सेक्‍टर में मामूली वृद्धि के बाद लगातर रिकवरी की उम्‍मीद थी लेकिन नवंबर के परिणामों से उन उम्‍मीदों को झटका लगा है। सर्विस सेक्‍टर की गिरावट ने मैन्‍युफैक्‍चरिंग सेक्‍टर में दर्ज की गई ग्रोथ के असर को कम कर दिया है। 

 

नए बिजनेस की संख्‍या रही कम 

रिपोर्ट के मुताबिक, आंकड़े दर्शाते हैं कि सर्विस सेक्‍टर की गतिविधि में गिरावट का कारण नवंबर में नए बिजनेस की संख्‍या में कमी रहा। साथ ही जीएसटी ने भी बिजनेस को प्रभावित करना जारी रखा, जिसकी वजह से मांग में कमी आई और कस्‍टमर टर्नआउट कम रहा। जीएसटी की वजह से प्रॉडक्‍ट की कीमतों को लेकर पैदा हुए कन्‍फ्यूजन बिक्री में गिरावट की प्रमुख वजह रही। 

 

कम मांग के बावजूद निकली नौकरियां 

रोजगार के मोर्चे पर कम मांग के बावजूद सर्विस सेक्‍टर की वर्कफोर्स में इजाफा हुआ। नवंबर में सर्विस सेक्‍टर में रोजगार में ग्रोथ संय‍मित गति से आगे बढ़ी और यह सितंबर में प्राप्‍त हालिया उच्‍च स्‍तर से ज्‍यादा रही। 

 

13 महीनों में सर्वाधिक तेज रहा मैन्‍युफैक्‍चरिंग सेक्‍टर

सर्विस सेक्‍टर के विपरीत मैन्‍युफैक्‍चरिंग सेक्‍टर में नवंबर में पिछले 13 महीनों की सर्वाधिक तेजी देखी गई। नवंबर में निक्‍केई इंडिया मैन्‍युफैक्‍चरिंग पीएमआई की रीडिंग 52.6 दर्ज की गई थी, जो अक्‍टूबर में 50.3 थी। 

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