फ्लाइट्स के किराए में 100 फीसदी तक वृद्धि, सरकार घबराई, बुलाई बैठक

जेट एयरवेज और मैक्स 8 संकट की वजह से घरेलू विमान सेवा उद्योग बुरी तरह प्रभावित हुआ है। कई उड़ानें बंद होने से दूसरी उड़ानों के किराए में 100 फीसदी तक का इजाफा हो गया है। घबराई सरकार ने इससे निपटने के लिए बुधवार को एयरलाइंस कंपनियों की आपात बैठक बुलाई है। बैठक में उड़ानों की संख्या बढ़ाने का प्लान मांगा गया है।

money bhaskar

Apr 10,2019 12:54:00 PM IST

नई दिल्ली. जेट एयरवेज और मैक्स 8 संकट की वजह से घरेलू विमान सेवा उद्योग बुरी तरह प्रभावित हुआ है। कई उड़ानें बंद होने से दूसरी उड़ानों के किराए में 100 फीसदी तक का इजाफा हो गया है। घबराई सरकार ने इससे निपटने के लिए बुधवार को एयरलाइंस कंपनियों की आपात बैठक बुलाई है। बैठक में उड़ानों की संख्या बढ़ाने का प्लान मांगा गया है। बैठक एविएशन रेगुलेटर डीजीसीए की अध्यक्षता में होगी।

यह दो संकट जिसकी वजह से बड़ा किराया

दिसंबर 2018 में जेट के बेड़े में 124 विमान थे। पिछले हफ्ते एविएशन सचिव प्रदीप सिंह खरोला ने बताया था कि अब इसके पास सिर्फ 26 विमान रह गए हैं। लीज किराया नहीं चुकाने के कारण ज्यादातर विमान खड़े हैं। एथियोपियन एयरलाइंस का विमान 10 मार्च को दुर्घटनाग्रस्त होने के बाद दुनियाभर में बोइंग 737 मैक्स-8 विमान खड़े किए गए तो स्पाइसजेट के भी 12 विमान खड़े हो गए। एक अधिकारी ने बताया कि नागरिक उड्‌डयन महानिदेशालय (डीजीसीए) इस बारे में लगातार एयरलाइंस से बात कर रहा है, ताकि विमानों की संख्या बढ़ सके।

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यह कंपनियां बढ़ा सकती हैं उड़ानों की संख्या

कुछ रूटों पर जेट की फ्लाइट बंद होने के बाद इंडिगो ने 8 अप्रैल को घरेलू और अंतरराष्ट्रीय रूट पर फ्लाइट बढ़ाने की घोषणा की थी। एयर एशिया ने भी कहा है कि वह 15 अप्रैल से मुंबई-बेंगलुरु और मुंबई-कोच्चि रूट पर अतिरिक्त फ्लाइट शुरू करेगी।

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जेट का संकट बरकरार

बैंकों ने जेट एयरवेज के शेयर बेचने के लिए जो नीलामी शुरू की है, मंगलवार को लगातार दूसरे दिन किसी ने उसमें रुचि नहीं दिखाई। सूत्रों ने कहा कि बुधवार, बोली के आखिरी दिन कुछ कंपनियों के आगे आने की संभावना है। अमेरिका के डेल्टा एयरवेज और टीपीजी जैसी पीई फर्मों के भी इसमें भाग लेने की संभावना है। अदाणी ग्रुप के भी इसमें भाग लेने की चर्चा है। इसके बाद बोली लगाने वाली कंपनियों की योग्यता जांची जाएगी। पहले चरण में जिन्हें मंजूरी मिलेगी, वही कंपनियां अंतिम चरण की नीलामी में हिस्सा ले सकेंगी। अंतिम चरण की बोली भी इसी महीने पूरी हो जाने की उम्मीद है। नियम के मुताबिक एयरलाइंस में कम से कम 51% हिस्सेदारी भारतीय कंपनी के पास होनी चाहिए।

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ये हो सकते हैं मजबूत विकल्प

बैंक टाटा की विस्तारा जैसी घरेलू एयरलाइंस से बात कर रहे हैं। विस्तारा के साथ सिंगापुर एयरलाइंस भी आ सकती है। इसके आने पर सिंगापुर की टेमासेक और जीआईसी जैसी बड़ी इन्वेस्टमेंट कंपनियों के भी साथ आने की संभावना है। एतिहाद एयरवेज जेट को खरीदने में रुचि दिखाती है तो उसके साथ अबू धाबी इन्वेस्टमेंट एजेंसी जुड़ सकती है। इसके साथ भारत के नेशनल इन्फ्रास्ट्रक्चर इन्वेस्टमेंट फंड (एनआईआईएफ) का गठजोड़ है। इसलिए वह भी साथ आ सकती है।

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आज जेट की बोर्ड मीटिंग के बाद अंतरिम कमेटी कार्यभार ले सकती है

बैंकों ने 25 मार्च को जेट की अंतरिम मैनेजमेंट कमेटी नियुक्त करने की घोषणा की थी। सूत्रों ने बताया कि जेट की बोर्ड मीटिंग के बाद ही कमेटी कार्यभार संभालेगी। यह बोर्ड मीटिंग बुधवार यानी 10 अप्रैल को होनी है। एसबीआई के पूर्व चेयरमैन एके पुरवार को इस कमेटी का चेयरमैन बनाने पर बैंक सहमत हुए हैं।

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पायलटों ने लीगल नोटिस भेजा, 14 अप्रैल तक सैलरी देने को कहा

जेट के पायलटों के संगठन नेशनल एविएटर्स गिल्ड ने एयरलाइन को लीगल नोटिस भेजा है। इसमें जनवरी, फरवरी और मार्च की सैलरी 14 अप्रैल तक देने को कहा गया है। आगे भी हर महीने की पहली तारीख को सैलरी देने की बात कही गई है। ऐसा नहीं करने पर कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी है।

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18 विमान डी-रजिस्टर करने के लिए लीजिंग कंपनियों ने आवेदन किया

जेट को लीज पर विमान देने वाली कंपनियों ने 18 विमान डी-रजिस्टर करने के लिए डीजीसीए के पास आवेदन किया है। लीज नहीं चुकाने के कारण ये विमान खड़े हैं। ये विमान एवोलॉन और जीई कैपिटल एविएशन के हैं। सूत्रों ने बताया कि जेट की कर्ज समाधान योजना में लीजिंग कंपनियों का भरोसा नहीं रह गया है।

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