Utility

24,712 Views
X
Trending News Alerts

ट्रेंडिंग न्यूज़ अलर्ट

FY-18 के लिए PF पर मिलेगा 8.55% ब्याज, 5 साल में सबसे कम टेक महिंद्रा को 1222 करोड़ का हुआ मुनाफा, 14 रुपए/शेयर डिविडेंड का ऐलान खास खबर: एक साल में अब क्या कर पाएंगे पीएम मोदी, बीत गए चार साल ICICI बैंक की चंदा कोचर को सेबी का नोटिस, वीडियोकॉन लोन केस में कार्रवाई मार्च क्वार्टर में बैंक ऑफ बड़ौदा को 3102 करोड़ रुपए का घाटा, बैड लोन्स बढ़ने का असर स्पोर्ट्सवियर कंपनी प्रोलाइन के साथ RIL की पार्टनरशिप क्रूड में बड़ी गिरावट, ओपेक और रूस के पॉजिटिव संकेतों से क्रूड 77 डॉलर के नीचे Modi Govt 4 years: सरकार ने नोटबंदी को बताया सबसे बड़ी उपलब्धि, गिनाए 10 फायदे खास स्टॉक: सुदर्शन केमिकल में 16% की तेजी, बेहतर Q4 नतीजे का मिला फायदा Forex Market: रुपए में भारी रिकवरी, 61 पैसे मजबूत होकर 67.74/$ पर पहुंचा Stock Market: चौतरफा खरीददारी से बाजार में उछाल, सेंसेक्स 262 अंक बढ़ा, निफ्टी 10,600 के पार बंद भारी डिमांड से सोने में 350 रु की बढ़त, 32475 रु प्रति दस ग्राम हुए भाव Apple ने जीता डिजाइन चोरी का केस, Samsung को देना होगा 3600 करोड़ रुपए हर्जाना एच-4 वीजाहोल्डर्स के वर्क परमिट खत्म करने की प्रक्रिया अंतिम चरण में, ट्रम्प सरकार ने कोर्ट को बताया ये हैं देश के 10 सबसे गंदे रेलवे स्‍टेशन, दि‍ल्‍ली और कानपुर शामि‍ल
बिज़नेस न्यूज़ » Industry » Autoगाड़ि‍यों पर जीपीएस और पैनि‍क बटन की डेडलाइन पर सरकार का यू-टर्न, एक साल की छूट

गाड़ि‍यों पर जीपीएस और पैनि‍क बटन की डेडलाइन पर सरकार का यू-टर्न, एक साल की छूट

नई दि‍ल्‍ली। गाड़ि‍यों में जीपीएस और पैनि‍क बटन लगाने की डेडलाइन एक बार फि‍र से बढ़ा दी गई है। कुछ समय पहले तक सरकार ने साफ कि‍या था कि‍ इस बार डेडलाइन नहीं बढ़ाई जाएगी, लेकि‍न मिनि‍स्‍ट्री ऑफ रोड एंड ट्रांसपोर्ट ने अपने ताजा नोटिफि‍केशन में कहा है कि‍ यह फैसला अब 1 अप्रैल 2019 से लागू होगा। तब तक के लि‍ए व्‍हीकल ऑनर्स को छूट दे दी गई है। 

 

क्‍या है फैसला 

मिनिस्‍ट्री ऑफ रोड एंड ट्रांसपोर्ट के पिछले साल जारी आदेश में कहा गया था कि पैसेंजर्स को लाने और ले जाने वाली सभी तरह की गाड़ियों (टैक्सी और बसों) को 1 अप्रैल 2018 तक जीपीएस लगाना अनिवार्य होगा। क्‍योंकि पैसेंजर्स की सेफ्टी के लिहाज से यह बहुत जरूरी है। साथ ही, इन गाड़ी मालिकों को पैनिक बटन भी लगाना होगा। 

 

कौन करेगा कम्‍प्‍लायंस 
मिनिस्‍ट्री के मुताबिक राज्य परिवहन विभाग पर सार्वजनिक परिवहनों में ट्रैकिंग डिवाइस लगवाने की जिम्मेदारी रहेगी। अगर कोई यात्री इस अलर्ट बटन दबाता है तो परिवहन विभाग और पुलिस कंट्रोल रूम दोनों जगह यह अलर्ट पहुंच जाएगी, जिससे त्वरित तरीके से एक्शन लेने में आसानी हो जाएगी।

 

महिलाओं की सेफ्टी जरूरी 

मिनिस्‍ट्री ऑफ रोड एंड ट्रांसपोर्ट के अधिकारी के मुताबिक, जीपीएस और पैनिक बटन लगाना अनिवार्य करने के पीछे सबसे बड़ा कारण महिलाओं की सेफ्टी है। यह कदम पैसेंजर्स खासतौर पर महिलाओं को सेफ रखने के लिए उठाया गया है। पब्लिक व्हीकल में यदि कोई भी महिला अनसेफ है तो वह पैनिक बटन दबा सकती है। संबंधित पैसेंजर के पैनिक बटन दबाते ही ट्रांसपोर्ट डिपार्टमेंट के साथ ही पुलिस कंट्रोल रूम के पास अलर्ट पहुंच जाएगा। वाहनों में जीपीएस भी लगा होगा। इससे पुलिस व्हीकल्स को ट्रैक कर सकेगी। ऐसे में किसी भी पैसेंजर को मुसीबत के समय तुंरत मदद मिलेगी।

 

क्‍यों बढ़ी डेडलाइन 
मिनिस्‍ट्री अधिकारी ने बताया कि जनवरी 2018 में ही सभी राज्‍यों से कहा गया था कि वे अपने-अपने राज्‍य में यह सुनिश्चित करें कि उनके राज्‍य में चल रहे पब्लिक व्‍हीकल में जीपीएस और पैनिक बटन लग जाए, लेकिन अप्रैल शुरू होने के बाद जब इन राज्‍यों से बात की गई तो पता चला कि कई राज्‍य अब तक इस निर्देश का पालन नहीं कर पाए हैं। इन राज्‍यों की अपील पर यह डेडलाइन बढ़ाने का निर्णय लिया। अब राज्‍यों से कहा गया है कि वे हर हालत में 31 मार्च 2018 तक इन निर्देशों की पालना करें। 

 

यह भी था सुझाव 
इससे पहले मंत्रालय यह भी सुझाव दे चुका है कि 23 से ज्यादा सीटों वाले बसों में सीसीटीवी कैमरा लगाया जाना चाहिए। हालांकि इस प्रस्ताव को निजता का हवाला देकर निरस्त किया जा चुका है। 

और देखने के लिए नीचे की स्लाइड क्लिक करें

Trending

NEXT STORY

Disclaimer:- Money Bhaskar has taken full care in researching and producing content for the portal. However, views expressed here are that of individual analysts. Money Bhaskar does not take responsibility for any gain or loss made on recommendations of analysts. Please consult your financial advisers before investing.