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जनवरी में थोक महंगाई घट कर 2.84%, फूड और फ्यूल की कीमतों में गिरावट से मिली राहत

थोक मूल्‍य सूचकांक आधारित महंगाई दर के मोर्चे पर नरमी लगातार दूसरे माह जारी रही है।

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नई दिल्‍ली। थोक मूल्‍य सूचकांक आधारित महंगाई दर के मोर्चे पर नरमी लगातार दूसरे माह जारी रही है। जनवरी माह में थोक मूल्‍य सूचकांक पर आधारित महंगाई दर घट कर 2.84 फीसदी रह गई है। नवंबर माह में यह आठ माह के रिकॉर्ड स्‍तर पर थी। खाद्य पदार्थ और फ्यूल की कीमतों में गिरावट की वजह से थोक मूल्‍य सूचकांक पर आधारित महंगाई दर में कमी आई है। 


 

खाद्य कीमतों में नरमी 

केंद्रीय वाणिज्‍य मंत्रालय द्वारा बृहस्‍पतिवार को जारी आंकड़ों के अनुसार जनवरी माह में खाद्य कीमतों में सालाना आधार पर 1.65 फीसदी इजाफा हुआ है वहीं दिसंबर माह में खाद्य कीमतों में 2.91 फीसदी का इजाफा हुआ था।  वहीं जनवरी माह में सेरेल्‍स यानी मोटे अनाज की कीमतों में गिरावट आई है और यह सेरल्‍स की थोक कीमतों में - 1.98 फीसदी की नकारात्‍मक ग्रोथ रही है। दिसंबर माह में मोटे अनाज की थोक कीमतों में -3.00 फीसदी की नकारात्‍मक ग्रोथ रही थी।  

 

दाल और सब्जियों की कीमतों में भी आई कमी 

जनवरी माह में सब्जियों की कीमतों में भी नरमी रही और सब्यिजों की थोक महंगाई दर 40.77 फीसदी रही वहीं पिछले माह यानी दिसंबर में सब्जियों की थोक महंगाई दर 56.46 फीसदी रही थी। वहीं प्‍याज की थोक महंगाई दर में इजाफा हुआ है और जनवरी माह में प्‍याज की थोक महंगाई दर 199.89 फीसदी रही। वहीं दाल की थोक महंगाई दर -30.43 फीसदी रही है यानी दाल की थोक महंगाई दर में नकारात्‍मक ग्रोथ रही है। 

 

खुदरा महंगाई रही 5.07 फीसदी 

हाल में जारी हुए डाटा के मुताबिक जनवरी माह में खुदरा महंगाई दर 5.07 फीसदी रही है। पिछले सप्‍ताह जारी मॉनिटी पॉलिसी में रिजर्व बैंक ने भी महंगाई बढ़ने की आशंका जताई है। रिजर्व बैंक ने अप्रैल से सितंबर 2018 के बीच महंगाई दर 5.1 से 5.6 फीसदी रहने का अनुमान जताया है। 

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