बिज़नेस न्यूज़ » Budget 2018 » State/Election Statesबजट 2018 - लोकलुभावन नहीं एक जिम्‍मेदार बजट लाएगी सरकार, PMEAC मेम्‍बर ने जताई उम्‍मीद

बजट 2018 - लोकलुभावन नहीं एक जिम्‍मेदार बजट लाएगी सरकार, PMEAC मेम्‍बर ने जताई उम्‍मीद

बजट 1 फरवरी को पेश किए जाने की संभावना है।

1 of

नई दिल्‍ली. प्रधानमंत्री इकोनॉमिक एडवाइजरी पैनल (PMEAC) मेम्‍बर रातिन रॉय राज्‍य ने उम्‍मीद जताई कि बजट 2018-19 लोकलुभावन नहीं होगा। बल्कि आगामी बजट 2018 में सरकार की तरफ से खर्च क्‍वालिटी को बेहतर बनाने और रिफॉर्म्‍स के एजेंडे को आगे बढ़ाने के उपायों को लेकर कमिटमेंट दिखाई देगा। रॉय ने कहा कि सरकार एक और अच्छा बजट लेकर आएगी, जिसे 1 फरवरी को पेश किए जाने की संभावना है।

Live Budget 2018 News - आम बजट 2018 से जुड़ी हर खबर

 

बजट 2018 - 10 हजार की टैक्स छूट लिमिट बढ़ाएगी सरकार

 

बजट 2018 - जिम्‍मेदार बजट की उम्‍मीद

 

बजट 2018 - Ficci ने की कॉरपोरेट टैक्‍स 28 फीसदी करने की अपील

 

बजट 2018 - क्‍या होगा रिफॉर्म एजेंडा?

रॉय से यह पूछे जाने पर कि अगले 18 महीनों में सुधार का एजेंडा क्या होगा, उन्‍होंने कहा कि मोदी सरकार को पिछले तीन साल में लाए गए अपने इकोनॉमिक रिफॉर्म्‍स पर ही ध्यान देना चाहिए। रॉय आर्थिक थिंक टैंक एनआईपीएफपी के भी मेम्‍बर हैं। रॉय का कहना है कि सरकार की ओर से कई रिफॉर्म्‍स शुरू किए गए हैं, उन्‍हें पूरा होने में समय लगेगा। ऐसे में नए रिफॉर्म्‍स लाने की बजाय सरकार को इन्‍सॉल्‍वेंसी एंड बैंकरप्‍सी कोड, 2016 जैसे इन्हीं रिफॉर्म्‍स को पूरा करने पर ध्यान देना चाहिए। बता दें, पीएम नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार का टर्म मई 2014 में शुरू हुआ था और अगले चुनाव वर्ष 2019 में होने हैं।

 

आम बजट 2018 - 8 फीसदी ग्रोथ के लिए इंतजार

आरबीआई के पॉलिसी दरों से जुड़े फैसले पर रॉय ने कहा कि वह मॉनिटरी पॉलिसी कमिटी के निर्णय का पूरी तरह सम्मान करते हैं। उन्होंने कहा कि हमने ब्‍याज दरों में गिरावट का समय भी देखा है। यह हमेशा बेहतर ऑप्‍शन रहा है लेकिन हमें अपनी सेविंग्‍स को भी ध्यान में रखना होगा। इकोनॉमिक ग्रोथ के आउटलुक के बारे में रॉय ने कहा कि आठ फीसदी की सालाना ग्रोथ रेट हासिल करने के लिए भारत को रिफॉर्म्‍स की लंबी प्रक्रिया से गुजरना है।

 

बजट 2018 - बजट के ठीक पहले मोदी के लिए बुरी खबर, GDP ग्रोथ रेट निचले स्तर पर आ सकता

 

prev
next
मनी भास्कर पर पढ़िए बिज़नेस से जुड़ी ताज़ा खबरें Business News in Hindi और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट