Advertisement
Home » इकोनॉमी » पॉलिसीIndia to become fifth largest economy next year Jaitley

फ्रांस के बाद अब ब्रिटेन की बारी, अगले साल दुनिया की 5वीं बड़ी इकोनॉमी बनेगा भारत

वित्त मंत्री जेटली ने कहा- आने वाले 20 साल में भारत बनेगा दुनिया की तीसरी बड़ी इकोनॉमी

India to become fifth largest economy next year Jaitley

नई दिल्ली। वित्त मंत्री अरुण जेटली ने कहा है कि भारत अगले साल ब्रिटेन को पीछे छोड़कर दुनिया की पांचवीं सबसे बड़ी इकोनॉमी बन सकता है। जेटली के मुताबिक,  देश में बढ़ती खपत और मजबूत आर्थिक गतिविधियों की वजह से भारत इकोनॉमी के मामले में ब्रिटेन से आगे निकल जाएगा। जेटली ने भरोजा जताते हुए कहा कि अगले 10 से 20 साल में भारत दुनिया की शीर्ष तीन अर्थव्यवस्थाओं में शामिल हो जाएगा। 

 

इसी साल फ्रांस को पीछे छोड़ा 

जेटली ने यहां इंडियन कॉम्पिटीशन कमीशन की नई इमारत का उद्घाटन करते हुए जेटली ने कहा कि इकोनॉमी के साइज के साइज के हिसाब से इस साल हमने फ्रांस को पीछे छोड़ा है। अगले साल हम ब्रिटेन को पीछ़े छोड़ देंगे। इस तरह हम दुनिया की पांचवीं सबसे बड़ी इकोनॉमी बन जाएंगे। 

 

हमारे मुकाबले दूसरों की रफ्तारी धीमी 

2017 के आखिरी तक तक भारत की जीडीपी 2,597 अरब डॉलर थी, वहीं फ्रांस की जीडीपी 2,582 अरब डॉलर रही थी। इस तरह भारत ने फ्रांस को पीछे छोड़ा था। हालांकि, प्रति व्यक्ति जीडीपी में फ्रांस की तुलना में भारत काफी पीछे है। फ्रांस का प्रति व्यक्ति जीडीपी भारत से 20 गुना अधिक है। इसकी वजह भारत की अधिक आबादी है। भारत की आबादी जहां 134 करोड़ है वहीं फ्रांस की सिर्फ 6.7 करोड़। 

Advertisement

वर्ष 2017 के अंत तक ब्रिटेन की  इकोनॉमी का आकार 2,940 अरब डॉलर था। वित्त मंत्री ने कहा कि हमारे मुकाबले  दुनिया की दूसरी इकोनॉमी की वृद्धि की रफ्तार धीमी है। ऐसे में भारत में बड़ी  इकोनॉमी को पीछे छोड़ने की क्षमता है। 

 

भारत 7-8 फीसदी की दर से बढ़ रहा 

जेटली के मुताबिक, हम औसतन 7-8 प्रतिशत की दर से बढ़ रहे हैं। ऐसे में हमें उन्हें पीछे छोड़ने सकते हैं। निश्चित रूप से 2030-40 तक भारत की  इकोनॉमी दुनिया की तीन सबसे बड़ी  इकोनॉमी में होगी। जेटली ने कहा कि अगले 10 से 20 साल में आर्थिक गतिविधियों में विस्तार के साथ प्रतिस्पर्धा आयोग की भूमिका भी बढ़ेगी। ऐसे में बार और विशेषज्ञ स्तर तक प्रशिक्षित पेशेवरों की जरूरत होगी। ऐसे लोगों की नहीं जो स्थिति का सही तरीके से पता नहीं लगा सकते।'

Advertisement

 

 

 

prev
next
मनी भास्कर पर पढ़िए बिज़नेस से जुड़ी ताज़ा खबरें Business News in Hindi और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट
Advertisement
Don't Miss