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फिक्‍की सर्वे: अप्रैल-जून के एक्‍सपोर्ट में सुधार की उम्मीद, ऑटोमोटिव-कैपिटल गुड्स से मिलेगा बूस्ट

सर्वे में भाग लेने वालों में 44 फीसदी ने एक्‍सपोर्ट को लेकर दर्शाया पॉजिटिव आउटलुक...

Improvement seen in Export Outlook in FICCI Q1 Survey

नई दिल्‍ली. वित्‍त वर्ष 2018-19 की अप्रैल-जून तिमाही के दौरान एक्‍सपोर्ट में बढ़ोत्‍तरी होने के आसार हैं। यह बात मैन्‍युफैक्‍चरिंग सेक्‍टर पर किए गए फेडरेशन ऑफ इंडियन चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्‍ट्री (फिक्‍की) के तिमाही सर्वे से सामने आई है। सर्वे में भाग लेने वालों में 44 फीसदी ने एक्‍सपोर्ट को लेकर पॉजिटिव आउटलुक दर्शाया और इसमें बढ़ोत्‍तरी रहने की उम्‍मीद जताई। सर्वे के मुताबिक, मैन्‍युफैक्‍चरिंग सेक्‍टर के अप्रैल-जून तिमाही में पॉजिटिव रहने की बात कही गई।

 

सर्वे में यह भी कहा गया कि ऑटोमोटिव, कैपिटल गुड्स, मेटल्‍स, मेटल प्रोडक्‍ट्स और इलेक्‍ट्रॉनिक्‍स व इलेक्‍ट्रिकल्‍स में अच्छी ग्रोथ दर्ज किए जाने की संभावना जताई गई। वहीं टेक्‍सटाइल, एफएमसीजी, सीमेंट व सिरेमिक्‍स, केमिकल्‍स एंड फार्मास्‍युटिकल्‍स, लेदर व फुटवियर और टेक्‍सटाइल्‍स मशीनरी सेक्‍टर में 2018-19 के अप्रैल-जून के दौरान ग्रोथ ठीक-ठाक रहने की बात कही गई। पेपर प्रोडक्‍ट्स में कम ग्रोथ दर्ज किए जाने की बात कही गई।    

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मैन्‍युफैक्‍चरिंग क्षमता का केवल 77 फीसदी हुआ यूटिलाइज

सर्वे में सामने आया कि मैन्‍युफैक्‍चरिंग सेक्‍टर में 2018-19 के अप्रैल-जून के दौरान क्षमता का लगभग 77 फीसदी इस्‍तेमाल हुआ, जो पिछली तिमाही में भी इसी स्‍तर पर था। कैपिटल गुड्स, टेक्‍सटाइल्‍स, टेक्‍सटाइल्‍स मशीनरी, केमिकल्‍स व फार्मास्युटिकल्‍स जैसे सेक्‍टर्स में एवरेज कैपेसिटी यूटिलाइजेशन के बढ़ने या 2017-18 और 2018-19 की अप्रैल-जून तिमाही जैसा ही रहने की बात कही गई। वहीं यह भी कहा गया कि ऑटोमो‍टिव, सीमेंट व सिरेमिक्‍स, इलेक्‍ट्रॉनिक्‍स व इलेक्‍ट्रिकल्‍स, लेदर और फुटवियर, मेटल व मेटल प्रोडक्‍ट्स में कैपेसिटी यूटिलाइजेशन 2017-18 की जनवरी-मार्च तिमाही और 2018-19 की अप्रैल-जून तिमाही में 2017-18 की अक्‍टूबर-दिसंबर के मुकाबले घटने की बात कही गई।

 

11 प्रमुख सेक्‍टर और 300 मैन्‍युफैक्‍चरिंग यूनिट्स पर हुआ सर्वे

फिक्‍की का तिमाही सर्वे ऑटोमोटिव, कैपिटल गुड्स, सीमेंट व सिरेमिक्‍स, केमिकल्‍स व फार्मास्युटिकल्‍स, इलेक्‍ट्रॉनिक्‍स व इलेक्‍ट्रिकल्‍स, एफएमसीजी, लेदर और फुटवियर, मेटल व मेटल प्रोडक्‍ट्स, पेपर प्रोडक्‍ट्स, टेक्‍सटाइल्‍स मशीनरी व टेक्‍सटाइल्‍स जैसे 11 प्रमुख सेक्‍टर्स पर किया गया। इस सर्वे में बड़े और छोटे एसएमई सेगमेंट दोनों को मिलाकर 300 मैन्युफैक्‍चरिंग यूनिट्स से प्रतिक्रिया ली गई थी।

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