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एक महीने में 5000 लोगों को फ्री में भोजन कराने पर सरकार देगी सब्सिडी

घी, खाद्य तेल, दालों की खरीदारी पर मिलेगी छूट

Government will give subsidy for free meal to 5000 people

Government will give subsidy for free meal to 5000 people फ्री में खाना खिलाने वाले धार्मिक संस्थाओं के लिए मोदी सरकार एक नई स्कीम लेकर आई है। इस स्कीम का नाम है 'सेवा भोज योजना'। इस योजना के तहत सरकार मुफ्त में खाना खिलाने वाले सभी धार्मिक संस्थाओं को सब्सिडी देगी। इस योजना से उन धार्मिक संस्थाओं को लाभ पहुंचेगा जो एक महीने में 5000 लोगों को मुफ्त में भोजन करवाएंगे।

नई दिल्ली. फ्री में खाना खिलाने वाले धार्मिक संस्थाओं के लिए मोदी सरकार एक नई स्कीम लेकर आई है। इस स्कीम का नाम है 'सेवा भोज योजना'। इस योजना के तहत सरकार मुफ्त में खाना खिलाने वाले सभी धार्मिक संस्थाओं को सब्सिडी देगी। इस योजना से उन धार्मिक संस्थाओं को लाभ पहुंचेगा जो एक महीने में 5000 लोगों को मुफ्त में भोजन करवाएंगे। इस स्कीम के तहत कच्ची खाद्य सामग्रियों की खरीद पर धार्मिक संस्थाओं को छूट मिलेगी। स्कीम के चलते कच्ची खाद्य सामग्रियों में, घी, खाद्य तेल, चीनी, चावल, आटा, दलहन शामिल हैं। सेवा भोज योजना  स्कीम के अंतर्गत गुरुद्वारा, मंदिर, मस्जिद, दरगाह, गिरजाघर, मठ, बौद्ध मठ आदि जैसे धार्मिक संस्थाओं द्वारा वितरित किए जाने वाले मुफ्त भोजन या मुफ्त लंगर के लिए वित्तीय सहायता प्रदान की जाएगी। इसके लिए जरूरी है कि इन धार्मिक संस्थाओं द्वारा कम से कम एक माह में 5000  व्यक्तियों को 'प्रसाद', 'लंगर'/'भंडारा' के रूप में मुफ्त भोजन वितरत किया जा रहा हो। इस योजना की जानकारी लोकसभा में सरकार द्वारा दी गई है। 

 

वित्तीय सहायता के लिए मानदंड 

1.  किसी एक कैलेंडर माह में कम से कम 5000  व्यक्तियों को मुफ्त भोजन, लंगर तथा प्रसाद वितरत करने वाले संस्थान/संगठन इस  स्कीम के अंतर्गत आवेदन कर सकते हैं। 

2.  इस  स्कीम के अंतर्गत वित्तीय सहायता केवल उन्हीं संस्थाओं को दी जाएगी, जो मुफ्त भोजन वितरत करने के प्रयोजन से केन्द्र /राज्य सरकार से कोई वित्तीय सहायता प्राप्त नहीं कर रही हो।

3. विदेशी योगदान विनयमन अधिनियम (एफसीआरए)  के अंतर्गत अथवा केंद्र/राज्य के किसी अधिनियम/नियमों के अंतर्गत ब्लैक लिस्ट में शामिल किए गए संस्थान/संगठन इस स्कीम के तहत वित्तीय सहायता के लिए पात्र नहीं होंगे।

 

केवल इन्हीं खाद्य सामग्रियों पर मिलेगी वित्तीय सहायता

वित्तीय सहायता तभी उपलब्ध कराई जाएगी, जहां संस्थान द्वारा नीचे सूचीबद्ध की गई सभी कच्ची खाद्य सामग्री या इनमें से किसी एक पर जीएसटी का भुगतान पहले ही कर दिया गया हो :

1. घी
2. खाद्य तेल
3. चीनी/बूरा/गुड
4. चावल
5. आटा/मैदा/रवा/सूजी
6. दलहन 

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