बिज़नेस न्यूज़ » Economy » Internationalलड़की को लैटर लि‍ख महान वैज्ञानि‍क ने यूं कही 'मन की बात', 4 लाख में बि‍की चिट्ठी

लड़की को लैटर लि‍ख महान वैज्ञानि‍क ने यूं कही 'मन की बात', 4 लाख में बि‍की चिट्ठी

बीबीसी की रिपोर्ट के अनुसार, यह चिट्ठी आइंस्टीन ने 1921 में इटली की एक वैज्ञानिक को लिखी थी

1 of

सिंगापुर । महान वैज्ञानिक और नोबल पुरस्कार विजेता अल्बर्ट आइंस्टीन का लिखा 'स्नेह' पत्र यरूशलम में करीब चार लाख रुपए में नीलाम हुआ है। बीबीसी की रिपोर्ट के अनुसार, यह चिट्ठी आइंस्टीन ने 1921 में इटली की एक वैज्ञानिक को लिखी थी, जिन्होंने उनसे मिलने से इंकार कर दिया था। उस वैज्ञानिक का नाम था एलिजाबेट्टा पिकिनी, जो उस वक्त 22 साल की थी और आइंस्टीन 42 साल के थे। पिकिनी इटली के एक शहर फ्लोरेंस में आइंस्टीन की बहन माजा के ऊपर वाले फ्लैट में रहती थीं।


रिपोर्ट के अनुसार चिट्ठी की खरीदारी करने वाले ने कहा कि आइंस्टीन उनसे मिलना चाहते थे पर पिकिनी ऐसे प्रख्यात व्यक्ति से मिलने में हिचक रही थीं। पिकिनी को लिखे पत्र में आइंस्टीन ने ऐसे मुहावरे का प्रयोग किया है, जो उनसे उनके 'स्नेह' को दर्शाता है। आगे पढ़ें क्‍या लि‍खा आइंस्टीन ने 

जि‍नके पैरों पर मैं सोया 
पत्र में लिखा है, "एक वैज्ञानिक शोधकर्ता के लिए, जिनके पैरों पर मैं सोया और एक दोस्त की तरह दो दिनों तक बैठा।" 
नीलामी जीतने वाले संस्थान के मुख्य अधिकारी गेल वेनर ने कहा, "इन दिनों चल रहे #MeToo अभियान के बारे में जानते हैं? अगर ऐसा उस समय चल रहा होता तो इस पत्र के लिए आइंस्टीन शायद इस अभियान के शिकार होते।"
स्नेह पत्र के साथ आइंस्टीन के लिखे अन्य पत्रों की भी बिक्री की गई है जिनमें वह पत्र भी शामिल है जिसमें उन्होंने थ्योरी ऑफ रिलेटिविटी के तीसरे चरण के बारे में लिखी थी। यह पत्र 1928 की है जिसे करीब 67 लाख रुपए में नीलाम किया गया है।

 

prev
next
मनी भास्कर पर पढ़िए बिज़नेस से जुड़ी ताज़ा खबरें Business News in Hindi और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट