कर्ज तले दबे पाकिस्तान के पीएम इमरान खान को झेलना पड़ा अपमान, सिंध के सीएम ने कहे अपशब्द

पाकिस्तान पर चीनी कर्ज दिन प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है। इसके बावजूद पाकिस्तान की चीन पर निर्भरता कायम है, क्योंकि दुनिया के अन्य देश पाकिस्तान की मदद को आगे नहीं आ रहा है। ऐसे में चीन ही उसका एक सहारा बचता है। 

Money Bhaskar

Jan 08,2019 11:04:00 AM IST

नई दिल्ली. पाकिस्तान पर चीनी कर्ज दिन प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है। इसके बावजूद पाकिस्तान की चीन पर निर्भरता कायम है, क्योंकि दुनिया के अन्य देश पाकिस्तान की मदद को आगे नहीं आ रहा है। ऐसे में चीन ही उसका एक सहारा बचता है। यही वजह है कि पाकिस्तान अपनी नौसेना की जरूरतों को पूरा करने के लिए चीन से चार अत्याधुनिक युद्धपोत बना रहा है। दोनों देशों के बीच रणनीतिक रूप से एक द्विपक्षीय हथियार समझौता हुआ था। चीन इसी समझौते के तहत ये चार युद्धपोत बना रहा है।

दुनियाभर के देशों से आर्थिक मदद मांग रहे हैं इमरान खान

हालांकि इस तरह के समझौते से पाकिस्तान का कर्ज बढ़ता जा है। ऐसे में उनके ही देश के नेताओं ने इमरान खान के फैसले पर सवाल उठाने लगे हैं और अंदेशा जता हैं कि कहीं पाकिस्तान का भी हाल क्षीलंका जैसा न हो जाएं। कई पाकिस्तान आर्थिक जानकार पाकिस्तान की हालत गुलामी के दौर की ओर इशारा कर रहे हैं। इतना ही नहीं पाकिस्तान के सिंध प्रांत के मुख्यमंत्री मुराद अली शाह ने आरोप लगाया है कि प्रधानमंत्री इमरान खान दुनियाभर में घूमकर वित्तीय सहायता के लिए भीख मांग रहे हैं। उन्होंने बीते रविवार को एक रैली में अनुभवहीन नौसखिया नेताओं को सरकार में पद देने के लिेए भी इमरान खान को आड़े हाथो लिया।

नकदी के संकट से जूझ रहा है पाकिस्तान

बता दें प्रधानमंत्री बनने के बाद से इमरान खान कई देशों की यात्रा कर उनसे आर्थिक मदद मांगी है। नकदी संगट से जूझ रहे पाकिस्तान ने अपना व्यापार और विदेशी मुद्रा से भी आठ अरब डॉलर की वित्तीय सहायता देने की गुहार लगाई है। हालांकि आईएमएफ की ओर से पाकिस्तान को कर्ज देने पर कोई आश्वासन नहीं दिया गया है।

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