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गंगा के कछुओं से करोड़ों का खेल, डर्टी गेम में यूपी-बंगाल और 5 देश शामि‍ल

आपने अक्‍सर ऐसी खबरें पढ़ी होंगी, जिनमें कि‍सी शख्‍स को कछुओं या कछुओं के बॉडी पार्ट के साथ गि‍रफ्तार कि‍या जाता है।

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नई दि‍ल्‍ली। आपने अक्‍सर ऐसी खबरें पढ़ी होंगी, जिनमें कि‍सी शख्‍स को कछुओं या कछुओं के बॉडी पार्ट के साथ गि‍रफ्तार कि‍या जाता है। आखि‍र कछुए में ऐसा क्‍या होता है कि‍ इसकी तस्‍करी रुकने का नाम नहीं लेती। अभी ताजा मामले में यूपी पुलि‍स की स्‍पेशल टास्‍क फोर्स ने एक अंतरराष्‍ट्रीय तस्‍कर गैंग का भंडाफोड़ कि‍या है। इनके पास से पुलि‍स ने कछुए की 27 कि‍लो झि‍ल्‍ली जब्‍त की है। एक आम इंसान के लि‍ए ये कोई बड़ी चीज नहीं है, मगर अंडरवर्ल्‍ड में इसकी कीमत इतनी भारी है कि‍ आप भौचक्‍के रह जाएंगे।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अभिषेक सिंह ने बताया कि एसटीएफ टीम को खबर मिली कि इटावा, एटा, मैनपुरी, औरैया, फरुर्खाबाद आदि जनपदों में बड़े स्तर पर साफ्ट सेल कछुए की कैलिपी (झिल्ली) काट कर, उसे सुखाकर बड़े पैमाने पर अवैध व्यापार किया जा रहा है। ऐसे व्यापारी माल बेचने के लिए पश्चिम बंगाल के व्यापारियों के संपर्क में रहते हैं जहां से यह माल बांग्लादेश और म्यांमार के रास्ते चीन, हांगकांग, मलेशिया आदि देशों में भेजा जाता है। आगे पढ़ें 

रेलवे स्‍टेशन से धरा 
टीम को पता चला कि मालदा (पश्चिम बंगाल) से सलीम नामक व्यापारी पिछले कई दिनों से इटावा, औरैया, कानपुर आदि जगहों से सूखा माल खरीद रहा है। उच्चाधिकारियों के निर्देश पर वन विभाग कानपुर की टीम को साथ लेकर इस सूचना को विकसित करते हुए शुक्रवार सुबह लगभग 6:30 बजे अभियुक्त सलीम को कानपुर सेंट्रल रेलवे स्टेशन के पास से उस समय गिरफ्तार किया गया जब वह ब्रह्मपुत्र एक्सप्रेस ट्रेन से मालदा जाने के लिए दो बैग लगभग (27 किलो  कैलिपी) सहित आया था। आगे पढ़ें पूछताछ में हुआ बड़ा खुलासा 

 

1,35,00000 रुपए है कीमत 
पूछताछ पर सलीम ने बताया कि कछुए की कैलिपी वह लगभग 5000 रुपये प्रति किलो की दर से खरीदकर मालदा में ऊंचे दामों पर बेच देता है, जहां से इसे बांग्लादेश भेजा जाता है। सलीम ने इटावा, कानपुर के कई कारोबारियों के नाम बताए हैं। इसी प्रकार बंगाल के व्यापारियों की भी जानकारी मिली है।  एसटीएफ के एडि‍शनल एसपी, अरविंद चतुर्वेदी के मुताबि‍क, चीन और मलेशि‍या में इसकी भारी मांग है। एक कि‍लो की कीमत करीब 50,000 है।  इस तरह से कैलकुलेट करें तो 27 कि‍लो की कीमत करीब 1,35,00000 रुपए बैठती है। जि‍न कछुओं की झि‍ल्‍ली जब्‍त की गई हैं वह गंगा, गोमती और घाघरा में पाई जाते हैं। 

 

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