विज्ञापन
Home » Economy » International15th Pravasi Bhartiya Divas 2019 starts in varanasi

KASHI की टेंट सिटी से बजेगा देश के विकास का बिगुल, 5000 से अधिक NRI भारतवंशी काशी पहुंचे

KASHI में बनाया गया 'श्री बालेश्वर अग्रवाल प्रवासी नगर'

1 of

नई दिल्ली। पावन नगरी वाराणसी की टेंट सिटी से देश के विकास का शंखनाद हो सकता है। सरकार वाराणसी में प्रवासी दिवस का आयोजन कर रही है जिसकी शुरुआत उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ एवं केंद्रीय विदेश मंत्री सुषणा स्वराज ने की। सरकारी अधिकारियों के मुताबिक इस तीन दिवसीय प्रवासी दिवस के दौरान विकास कार्यक्रम से जुड़े कई एमओयू होंगे, वहीं विदेश में रहने वाले भारतवंशी कई क्षेत्र में निवेश की भी घोषणा करेंगे। तीन दिनों के बाद निवेश के अनुमान की जानकारी दी जाएगी।

 

19 जनवरी से ही पहुंचने लगे प्रवासी भारतीय
मंत्रालय के अधिकारियों ने बताया कि वाराणसी में सोमवार से प्रारम्भ हुए प्रवासी भारतीय दिवस 2019 में शामिल होने के लिए 19 जनवरी से ही दुनिया भर के विदेशी अतिथि वाराणसी पहुंचने लगे हैं। अतिथियों के बाबतपुर स्थित लाल बहादुर शास्त्री अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे पर आगमन के बाद विभिन्न स्कूलों के बच्चों द्वारा उनका पारंपरिक तरीके से स्वागत किया जा रहा है। काशी (KASHI) पहुंचने वाले अधिकांश लोगों की पहली प्राथमिकता बाबा विश्वनाथ मंदिर के दर्शन करना है। विश्व प्रसिद्ध काशी विश्वनाथ मंदिर में बाबा भोलेनाथ के दर्शन के लिए नतमस्तक विशेष रूप से इंडोनेशिया, मलेशिया, मॉरीशस, अमेरिका, ब्रिटेन और अन्य देशों के अतिथि आध्यात्मिक रूप से मंत्रमुग्ध दिखाई देते है।

अमेरिका में रह रहे भारतवंशी भी ले रहे हिस्सा


वाराणसी (VARANASI) विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष और प्रवासी भारतीय मेहमानों के ठहरने की व्यवस्था की देखरेख करने वाले नोडल अधिकारी राजेश कुमार ने बताया कि आम धारणा के विपरीत, प्रवासी भारतीय दिवस 2019 के लिए पंजीकरण करने वाले अधिकांश मेहमान मॉरीशस और अन्य ऐसे देशों से न होकर अमेरिका से हैं। हालांकि, उन्होंने कहा कि मॉरीशस और अन्य ऐसे देशों के लिए भारतीय सदियों पहले पलायन कर गए थे। उन्होंने बताया कि प्रवासी भारतीय मेहमानों के लिए तीन स्तर पर ठहरने की व्यवस्था है। अतिथियों के लिए प्रथम व्यवस्था 'टेंट सिटी' के नाम से लोकप्रिय ऐढ़े गांव में की गई है जिसे 'श्री बालेश्वर अग्रवाल प्रवासी नगर' जाना जाता है। यहां 1480 मेहमानों को ठहराने की व्यवस्था है। दूसरी व्यवस्था वाराणसी के होटल कक्ष हैं जहां लगभग पांच हजार मेहमानों को मानक आवास उपलब्ध कराया जाएगा और तीसरी व्यवस्था 'काशी आतिथ्य योजना' है जिसके तहत लगभग 400 अतिथि काशी के नागरिकों के साथ उनके घरों में ठहरेंगे।

5800 से अधिक एनआरआई ले रहे हिस्सा


प्रवासी भारतीय दिवस वाराणसी से संबंधित अधिकारियों ने बताया कि 125 से अधिक देशों के 5800 से अधिक एनआरआई मेहमान हैं जिन्हें पीबीडी भागीदारी के लिए पंजीकृत किया गया है। इस आयोजन को और अधिक भव्य बनाने के लिए विदेश मंत्रालय ने एक विशेष ट्विटर हैंडल "# MyPBDMoment" और "#PravasiAtVaranasi" तैयार किया है। इस विशाल आयोजन के लिए इन्हें विदेश मंत्रालय के आधिकारिक ट्विटर हैंडल "#PBDConvention" पर साझा किया गया है।

prev
next
मनी भास्कर पर पढ़िए बिज़नेस से जुड़ी ताज़ा खबरें Business News in Hindi और रखिये अपने आप को अप-टू-डेट
विज्ञापन
विज्ञापन
Don't Miss