सरकार ने दिल्ली-मेरठ रीजनल रैपिड ट्रांसपोर्ट सिस्टम को दी मंजूरी, 30 हजार करोड़ आएगी कॉस्ट

सरकार ने मंगलवार को 82.15 किलोमीटर लंबे दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम (Regional Rapid Transit System) यानी आरआरटीएस (RRTS) को मंजूरी दे दी है। इस पर कुल 30,274 करोड़ रुपए की लागत आएगी।

moneybhaskar

Feb 19,2019 08:56:00 PM IST

नई दिल्ली. सरकार ने मंगलवार को 82.15 किलोमीटर लंबे दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम (Regional Rapid Transit System) यानी आरआरटीएस (RRTS) को मंजूरी दे दी है। इस पर कुल 30,274 करोड़ रुपए की लागत आएगी। वित्त मंत्री अरुण जेटली ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह जानकारी दी। इस प्रोजेक्ट के माध्यम से राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली, गाजियाबाद होते हुए मेरठ से जुड़ेगी। इससे दिल्ली से मेरठ तक के सफर में लगने वाला समय खासा कम हो जाएगा।

82 किलोमीटर लंबा होगा आरआरटीएस

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में यह फैसला लिया गया। इसकी जानकारी देते हुए अरुण जेटली ने कहा, ‘कैबिनेट ने 82.15 किलोमीटर लंबे आरआरटीएस के निर्माण को मंजूरी दे दी है।’
उन्होंने कहा कि 82.15 किलोमीटर लंबे आरआरटीएस में 68.03 किलोमीटर हिस्सा इलीवेटेड और 14.12 किलोमीटर अंडरग्राउंड होगा। इस प्रोजेक्ट से मुख्य रूप से उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश जाने वालों को खासा फायदा होगा।

बजट में NCRTC को 1000 करोड़ रु किए थे आवंटित

इससे पहले सरकार अंतरिम बजट 2019 में राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम (NCRTC) को 1000 करोड़ रुपये आवंटित कर चुकी है, जिससे देश की पहली क्षेत्रीय रैपिड ट्रांजिट सिस्टम (RRTS) परियोजना को शुरू किया जाएगा। NCRTC ने दावा किया है कि वह दिल्ली-मेरठ क्षेत्रीय रैपिड रेल गलियारे का निर्माण करने के लिए पूरी तरह से तैयार है। एनसीआरटीसी के अनुसार, वह भू-तकनीकी जांच, सड़क चौड़ीकरण कार्य, उपयोगिता मोड़, प्रारंभिक पाइल लोड परीक्षण जैसी पूर्व-निर्माण गतिविधियों की पहल कर चुकी है।

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