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कंस्ट्रक्शन वर्कर्स को मिलेगी 1 हजार रु पेंशन और फ्री इन्श्योरेंस, सरकार ने बनाया प्लान

लेबर मिनिस्ट्री ने कंस्ट्रक्शन वर्कर्स के वेलफेयर के लिए फ्री इन्श्योरेंस कवर, 1000 रुपए पेंशन का प्रस्ताव किया है।

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नई दिल्ली. लेबर मिनिस्ट्री ने बिल्डिंग और अदर कंस्ट्रक्शन (बीओसी) वर्कर्स के वेलफेयर के लिए फ्री इन्श्योरेंस कवर, 60 साल की उम्र के बाद 1000 रुपए मंथली पेंशनल, बच्चों को स्कॉलरशिप और मेडिकल एक्सपेंस पर रिम्बर्शमेंट देने का प्रस्ताव किया है। इसके लिए एक ड्राफ्ट मॉडल स्कीम तैयार कर ली गई है।

मिनिस्ट्री ने सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर बनाई गई इस इस स्कीम पर 21 मई, 2018 तक पब्लिक कमेंट्स भी मांगे हैं। इस ड्राफ्ट मॉडल स्कीम को मिनिस्ट्री के पोर्टल पर भी अपलोड कर दिया गया है। सुप्रीम कोर्ट ने एक याचिका पर 19 मार्च, 2018 को दिए अपने एक फैसले में सरकार से बीओसी वर्कर्स के वेलफेयर के लिए एक मॉडल स्कीम का ड्राफ्ट तैयार करने के लिए कहा था।

 

 

वेलफेयर सेस से जुटाए 42 हजार करोड़
मिनिस्ट्री के हालिया अनुमानों के मुताबिक, राज्यों और यूनियन टेरिटरीज ने कंस्ट्रक्शन वर्कर्स के वेलफेयर सेस के तौर पर 42,000 करोड़ रुपए जुटाए हैं। इनमें से लगभग 12,000 करोड़ रुपए खर्च किए जा चुके हैं। बिल्डिंग एंड अदर कंस्ट्रक्शन वर्कर्स वेलफेयर सेस एक्ट, 1996 में सेस लगाने और वसूलने की व्यवस्था की गई है। फिलहाल कंस्ट्रक्शन की कॉस्ट का 1 फीसदी सेस लिया जा रहा है। यह सेस राज्यों और संघ शासित क्षेत्रों द्वारा वसूला जाता है और स्टेट बिल्डिंग एंड अदर कंस्ट्रक्शन वर्कर्स वेलफेयर बोर्ड्स द्वारा बीओसी वर्कर्स के वेलफेयर पर इस्तेमाल किया जाता है।

 

 

सुप्रीम कोर्ट ने दिए थे स्कीम तैयार करने के निर्देश


राज्यों द्वारा बीओसी वर्कर्स के वेलफेयर के लिए जुटे फंड के कम खर्च को देखते हुए सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार को इन वर्कर्स के वेलफेयर के लिए एक मॉडल स्कीम तैयार करने के निर्देश दिए थे। इस स्कीम में प्रधानमंत्री जीवन ज्योति योजना और प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना के अंतर्गत लाइफ और डिसएबिलिटी कवर उपलब्ध कराने के लिए केंद्र और राज्यों के द्वारा प्रति वर्कर 171 रुपए की बराबर शेयरिंग का प्रस्ताव किया गया है। इस स्कीम में नेचुरल डेथ पर 2 लाख रुपए एक्सीडेंटल डेथ पर 4 लाख रुपए दिए जाएंगे। इसके अवाला डिसएबिलिटी बेनिफिट्स भी उपलब्ध कराए जाएंगे।

 

 

इलाज खर्ज के लिए 5 लाख रुपए देने का प्रस्ताव


इस मॉडल स्कीम में वेलफेयर बोर्ड्स द्वारा चिकित्सा खर्च के लिए प्रति परिवार 5 लाख रुपए तक के भुगतान का प्रस्ताव है। ऐसा इन्श्योरेंस कंपनियों के माध्यम से भी किया जा सकता है। 
इस स्कीम में क्लास 9 से 12 तक दो बच्चों को सालाना 3,000 रुपए और आईआईटी, ग्रेजुएशन और प्रोफेशनल कोर्सेस के लिए सालाना 12,000 रुपए दिए जाने का भी प्रस्ताव है। 

 

 

मिल सकते हैं ये फायदे


इस स्कीम में वर्कर्स को हाउसिंग, स्किल डेवलपमेंट और पेंशन जैसे अन्य बेनिफिट्स देने का भी प्रस्ताव है। इसमें कहा गया है कि वर्कर्स को 60 साल की उम्र के बाद 5 साल तक मंथली 1000 रुपए पेंशन पाने के लिए वेलफेयर बोर्ड्स में रजिस्ट्रेशन का भी प्रस्ताव है।

 

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