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बैंकों ने आपके नाम पर सरकार को दे रखी है गारंटी, चेक करें क्या आपको मिलते हैं अधिकार

बैंकिंग सेक्‍टर में इसी साल जनवरी 2018 से एक कोड ऑफ कंडक्‍ट भी लागू हुआ है...

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नई दिल्‍ली. बैंक अपने कस्‍टमर को केवल प्रोडक्‍ट और सर्विस ही नहीं देते हैं बल्कि उनसे कुछ वादे भी करते हैं। ये वादे बैंक प्रोडक्‍ट और सर्विसेज, कस्‍टमर्स के लिए अच्‍छा व्‍यवहार करने, बैंक और कस्‍टमर के बीच पारदर्शिता रखने, प्राइवेसी, शिकायत आदि को लेकर होते हैं। बैंक इसके लिए बैंकिंग लोकपाल यानी RBI को गारंटी देते हैं कि वे इन वादों को पूरा करेंगे। इसके लिए बैंकिंग सेक्‍टर में इसी साल जनवरी 2018 से एक कोड ऑफ कंडक्‍ट भी लागू हुआ है। 

 

इस कोड ऑफ कंडक्‍ट के जरिए बैंक यह घोषणा करते हैं कि आपको वे सारी सुविधाएं दी जाएंगी, जो बैंकिंग नियमों के मुताबिक तय हैं। साथ ही बैंक वे सभी वादे निभाएंगे, जो कोड ऑफ कंडक्‍ट में किए गए हैं। कोड के तहत बैंक ग्राहकों से जो वादे करते हैं उनमें से कुछ इस तरह हैं- 

 

1. बैंक अपने काउंटर पर कैश या चेक, रेमिटेंस के भुगतान या प्राप्ति करने, कटे-फटे नोट बदलने आदि की सर्विस मुहैया कराएंगे, इसके लिए प्रतिबद्ध हैं। ये सुविधाएं आपको बैंक की हर ब्रान्‍च में उपलब्‍ध होंगी। 

 

2. बैंक आपके साथ उम्र, लिंग, वैवाहिक स्थिति, धर्म, डिसएबिलिटी या वित्‍तीय स्थिति के आधार पर कोई भेदभाव नहीं करेंगे। यानी इन सब चीजों को नजरअंदाज करते हुए सभी को समान प्रोडक्‍ट और बैंकिंग सर्विसेज दी जाएंगी। 

 

3. हमारा स्‍टाफ आपसे उचित और अच्‍छा व्‍यवहार करेगा। हम यह सुनिश्चित करेंगे कि हमारा स्‍टाफ आपकी हर परेशानी और काम को जल्‍द से जल्‍द निपटाए और आपकी हर तरह से मदद करे। साथ ही अगर आपकी कोई शिकायत है तो उसे भी दूर किया जाए। 

 

4. बैंक आपके द्वारा दी जा रही पर्सनल डिटेल्‍स को खुद तक ही सीमित रखेंगे। इसे किसी और को सार्वजनिक नहीं करेंगे। 

 

आगे पढ़ें- बाकी के वादे 

 

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5. बैंक अपने द्वारा दिए जा रहे हर प्रोडक्‍ट, सर्विस के बारे में कस्‍टमर को पूरी जानकारी देंगे। यह बैंक की वेबसाइट या फिर ब्रान्‍च के नोटिस बोर्ड पर डिस्‍प्‍ले होंगे। इसके अलावा SMS, मेल, मीडिया आदि को भी इन्‍हें बताने का जरिया बनाया जाएगा। 

 

6. बैंक अपने सभी नियम-कानूनों को भी कस्‍टमर के साथ ट्रांसपेरेंट रखेंगे। इन नियमों की जानकारी भी कस्‍टमर के लिए बैंक ब्रान्‍च, वेबसाइट आदि पर मौजूद रहेगी। साथ ही अगर किसी को इन्‍हें समझने में दिक्‍कत है तो बैंक अधिकारी उनकी पूरी मदद करेंगे। 
 
आगे पढ़ें- शिकायत दर्ज करने में भी करेंगे मदद

 

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7. बैंक जब भी अपनी इंट्रेस्‍ट रेट, चार्ज या नियम-कानूनों में कोई भी बदलाव करेंगे तो इनकी सूचना तुरंत कस्‍टमर्स को दी जाएगी। इस बारे में भी बैंक ब्रान्‍च में नोटिस बोर्ड, बैंक वेबसाइट, मैसेज, मेल, मीडिया आदि के जरिए जानकारी जारी की जाएगी। 

 

8. अगर किसी कस्‍टमर को कोई शिकायत है तो बैंक उसे शिकायत कैसे दर्ज की जाए, इसकी पूरी प्रोसेस बताएंगे। इसमें शिकायत कैसे करनी है, किसे करनी है, कहां करनी है, जवाब कब तक मिलेगा, अगर बैंक समाधान नहीं कर पाया तो क्‍या करें आदि चीजें शामिल हैं। इसमें बैंक का स्‍टाफ और अधिकारी कस्‍टमर्स की पूरी मदद करेंगे। 

 

कोड ऑफ कंडक्‍ट की पूरी डिटेल पाएं यहां-

 

http://www.iba.org.in/documents/BCSBI-Code-2018.pdf

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