इस वजह से मार्च तक बंद हो सकते हैं सभी मोबाइल वॉलेट, RBI के नियम से कंपनियों के सामने छाया संकट

All mobile wallet may close after February 2019 : भारतीय रिजर्व बैंक ने मोबाइल वॉलेट का संचालन करने वाली कंपनियों को अपने ग्राहकों का वेरिफिकेशन करने के लिए फरवरी 2019 तक का समय दिया है। लेकिन इस डेडलाइन तक अधिकांश कंपनियां इस पूरा करने में विफल रहेंगी। ऐसे में इन कंपनियों के अपने वॉलेट बंद करने के अलावा कोई विकल्प नहीं रहेगा। 

Money Bhaskar

Jan 08,2019 11:40:00 AM IST

नई दिल्ली। यदि आप पेटीएम या कोई अन्य मोबाइल वॉलेट चलाते हैं तो आपके लिए बुरी खबर हैं। पेमेंट्स इंडस्ट्री से जुड़े लोगों ने मार्च 2019 तक सभी मोबाइल वॉलेट्स के बंद होने की आशंका जताई है। इंडस्ट्री से जुड़े लोगों का कहना है कि भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने मोबाइल वॉलेट का संचालन करने वाली कंपनियों को अपने ग्राहकों का वेरिफिकेशन करने के लिए फरवरी 2019 तक का समय दिया है। लेकिन इस डेडलाइन तक अधिकांश कंपनियां इस पूरा करने में विफल रहेंगी। ऐसे में इन कंपनियों के अपने वॉलेट बंद करने के अलावा कोई विकल्प नहीं रहेगा। हालांकि, इंडस्ट्री से जुड़े लोग इस मुद्दे पर आरबीआई से बात करने के लिए कह रहे हैं।

आरबीआई ने दिया था सभी ग्राहकों की जानकारी जुटाने का आदेश
आरबीआई ने अक्टूबर 2017 में सभी मोबाइल वॉलेट कंपनियों को अपने ग्राहकों की नो योर कस्टमर गाइडलाइंस के तहत सभी जानकारी जुटाने के निर्देश दिए थे। तब सभी कंपनियां आधार बेस्ट ई-केवाईसी के जरिए जानकारी जुटा रही थीं। 2018 में सुप्रीम कोर्ट की पाबंदी के बाद अब आधार की ई-केवाईसी पर रोक लग गई हैं। अब कंपनियों का ग्राहकों का फिजिकल वेरिफिकेशन करने में पसीने छूट रहे हैं। पेमेंट इंडस्ट्री से जुड़े लोगों के हवाल से प्रकाशित ईटी की एक रिपोर्ट के अनुसार मोबाइल वॉलेट कंपनियां अभी केवल 10 फीसदी ग्राहकों का डाटा ही जुटा पाई हैं।

X
COMMENT

Money Bhaskar में आपका स्वागत है |

दिनभर की बड़ी खबरें जानने के लिए Allow करे..

Disclaimer:- Money Bhaskar has taken full care in researching and producing content for the portal. However, views expressed here are that of individual analysts. Money Bhaskar does not take responsibility for any gain or loss made on recommendations of analysts. Please consult your financial advisers before investing.