जानकारी /इस अस्थिर बाज़ार में एफडी में निवेश और फायदे

बाज़ार और अर्थव्यवस्था के इस असंतुलित और अस्थिर माहौल में आम निवेशकों के मन में यह बात अवश्य उठती होगी कि इस समय कहां पर निवेश करना अधिक लाभप्रद और विवेकपूर्ण होगा

Moneybhaskar.com

Nov 15,2019 04:58:45 PM IST

नई दिल्ली. बाज़ार और अर्थव्यवस्था के इस असंतुलित और अस्थिर माहौल में आम निवेशकों के मन में यह बात अवश्य उठती होगी कि इस समय कहां पर निवेश करना अधिक लाभप्रद और विवेकपूर्ण होगा। बाज़ार में म्यूच्यूअल फण्ड, एसआईपी और एफडी जैसे अनेकों विकल्प आपके लिए खुले हैं जहां आप अपनी मेहनत की कमाई को अपने भविष्य की सुरक्षा के लिए निवेश कर सकते हैं। किन्तु यह प्रश्न सभी के मन में रहता कि उनका निवेश किया हुआ रुपया एक तो डूबे नहीं और दूसरा कि वह अच्छी से अच्छी कमाई कर के आपके पास वापिस पहुंचे।

आज हम आपको एफडी से सम्बंधित जानकारी देना चाहेंगे जो कि इस अनियमित अर्थव्यवस्था में सबसे सुरक्षित और सुदृढ़ निवेश के रूप में अपनाया जा सकता है।

सबसे पहला प्रश्न है कि एफडी क्या है?

एफडी का अर्थ है “फिक्स्ड डिपॉज़िट” जिसको सरल हिन्दी में “सावधि/मियादी जमा” कहते हैं और जिसका सीधा-सीधा अर्थ है कि आप एक नियत अवधि के लिए अपने रूपए निवेश करते हैं और उस पर एक स्थिर ब्याज दर पर आप ब्याज अर्जित करते हैं। अवधि के अंत में आप मूल समेत ब्याज निकाल सकते हैं। पीएनबी हाउसिंग फाइनेंस लिमिटेड इसमें अवधि के अंत में या फिर पहले से तय की गयी अंतराल, जो कि मासिक, त्रैमासिक, अर्ध-वार्षिक या वार्षिक अवधि में भी आपको ब्याज की राशि निकालने की अनुमति देता है।

एफडी के अलावा और किस तरह के निवेश फ़िलहाल लोकप्रिय हैं?

एफडी के अतिरिक्त अभी बाज़ार में सबसे अधिक बोलबाला ‘म्यूच्यूअल फण्ड’ का है जिसमें ब्याज दर अस्थिर रहता है और यह निवेश एफडी से अलग ऐसे है कि यह बाज़ार आधारित निवेश साधन है इसलिए इसमें अनिश्चितता भी रहती है।

एफडी के बारे में और जानकारी:

1. एफडी की अवधि आमतौर पर 1 से 5 वर्ष की रहती है।
2. एफडी बचत खाते से अधिक लाभकारी है क्योंकि इसमें ब्याज दर बचत खाते के मुकाबले अधिक रहती है। (पीएनबी हाउसिंग वरिष्ठ नागरिकों को इसमें भी 0.25% अधिक ब्याज दर देता है)
3. एफडी शुरू करने से पहले आपको बताया गया तय ब्याज दर बाद में बदला नहीं जा सकता।
4. एफडी में आमतौर पर एकमुश्त राशि डाली जाती है।

एफडी और म्यूच्यूअल फण्ड की तुलना:

1. निवेश पर प्रतिफल (रिटर्न): एफडी एक पूर्वनिर्धारित दर पर प्रतिफल देगा जो कि पूरी अवधि के दौरान बदला नहीं जा सकता किन्तु म्यूच्यूअल फण्ड दरों में बाज़ार के हिसाब से बदलाव आते रहेंगे और इस अस्थिर बाज़ार में म्यूच्यूअल फण्ड में निवेश करना थोड़ा जोखिम भरा हो सकता है।

2. प्रतिफल दर: कम समयावधि में दोनों ही प्रकार के निवेशों में समान प्रतिफल प्राप्त होंगे किन्तु लम्बे समयावधि में म्यूच्यूअल फण्ड बेहतर प्रतिफल प्रदान कर सकता है यदि बाज़ार में अधिक उतार-चढ़ाव न हो।

कुल मिलाकर आज बाज़ार में उपलब्ध निवेश योग्य योजनाओं में एफडी इसलिए अधिक सफल है क्योंकि इसमें जोखिम कम है और असंतुलित बाज़ार में जोखिम उठाना काफी कठिन हो सकता है और आपकी अनमोल कमाई को नुक्सान पहुंच सकता है।
अपरिवर्तनीय ब्याज दर, स्थिर प्रतिफल, अत्याधिक सुरक्षित (पीएनबी हाउसिंग फाइनेंस लिमिटेड की एफडी को क्रिसिल द्वारा CRISIL‘FAAA/Negative’ रेटिंग दी गयी जिसका अर्थ सर्वोत्तम सुरक्षित है) और मन की शान्ति, ये सभी कारक एफडी को आज के अर्थव्यवस्था माहौल में एक अनुकूल निवेश योजना बनाते हैं।

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