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1 लाख रु से की शुरुआत, 10 साल में खड़ा हो गया 9 हजार करोड़ का एम्पायर

चिट्टिलापिल्लाई की सफलता की दिलचस्प है कहानी

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नई दिल्ली. कहते हैं कि अगर आप में कुछ अलग करने कुछ करने की तमन्ना हो तो दुनिया की कोई भी नौकरी आपको अच्‍छी नहीं लगेगी। ऐसे में आपको नौकरी छोड़ने में किसी तरह का डर भी नहीं लगेगा। वी गार्ड इंडस्ट्रीज (V-Guard Industries) के फाउंडर के थॉमस चिट्टिलापिल्लाई (Kochouseph Thomas Chittilappilly) के साथ भी कुछ ऐसा ही हुआ। उन्होंने नौकरी छोड़ कर एक वोल्टज स्टेबलाइजर की मैन्युफैक्चरिंग यूनिट लगाई और आज उनकी कंपनी 9 हजार करोड़ की हो गई है। आइए जानते हैं चिट्टिलापिल्लाई की सफलता की दिलचस्प कहानी।

 

40 साल पहले 1 लाख रु से की शुरुआत

वी गार्ड इस्ट्रीडज के फाउंडर, चेयरमैन और सीईओ के. थॉमस चिट्टिलापिल्लाई ने 1977 में 1 लाख रुपए से कंपनी की नींव रखी थी। उन्होंने 2 कर्मचारियों के साथ वोल्टज स्टैब्लाइजर बनाने का काम शुरू किया था। आज उनकी कंपनी देश की बड़ी कंज्यूमर डुरेबल्स कंपनियों में से एक हैं। कंपनी स्टैब्लाइजर के अलावा पंप्स और मोटर्स, इलेक्ट्रिक और सोलर वाटर हीटर्स, वायरिंग केबल्स, यूपीएस और सीलिंग फैन्स बनाती है।

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यूपीएस सेग्मेंट में 20 फीसदी है मार्केट शेयर

कंपनी के मुताबिक, भारत में यूपीएस सेग्मेंट में कंपनी का मार्केट शेयर 20 फीसदी है। पम्प सेग्मेंट में 15 फीसदी, वाटर हीटर्स में 12 फीसदी और वायरिंग केबल्स सेग्मेंट्स में 7 फीसदी हिस्सेदारी है।

 

आईओटी पर लगाया दांव

कंज्यूमर ड्यूरेबल्स सेक्टर में बड़ा नाम बन चुकी इस कंपनी ने ग्रोथ का नया प्लान खोज निकाला है, जिसे इंटरनेट ऑफ थिंग्स (आईओटी) कहा जा रहा है। कंपनी का मानना है कि उसे दुनिया के दूसरे सबसे ज्यादा वाले देश में लोगों की कमाई बढ़ने और 100 करोड़ मोबाइल फोन होने का फायदा मिलेगा। कंपनी वाटर हीटर और पावर बैक-अप सिस्टम्स के बाद 'स्मार्ट फैन' के बाजार में उतरेगी।

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10 साल में दिया 4000 फीसदी रिटर्न  

चिट्टिलापिल्लाई ने इनोवेशन के बल पर एक बड़ी कंपनी बना दी। विस्तार के लिए कंपनी को फंड की जरूरत पड़ी और 2008 में कंपनी ने अपना आईपीओ पेश किया। दिलचस्प है कि 2008 में यह शेयर महज 5 रुपए की कीमत पर लिस्ट हुआ था और आज (12 दिसंबर, 2018) 220 रुपए का हो चुका है। शेयर बाजार में लिस्टिंग के बाद से अब तक यानी 10 साल में वी-गार्ड इंडस्ट्रीज ने 3,985 फीसदी रिटर्न दिया है।

 
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