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ट्रेंड /केदारनाथ की गुफा में मोदी के ध्यान के बाद वेटिंग बढ़ी, अगले दस दिन तक नो रूम की स्थिति 

Moneybhaskar.com

Jun 22,2019 04:19:00 PM IST

नई दिल्ली. लोकसभा चुनाव के दौरान आपको केदारनाथ में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की वह तस्वीर जरूर याद होगी, जिसमें वे एक गुफा में ध्यान कर रहे हैं। उनके यहां आने की वजह से अब एकाएक आध्यात्मिक टूरिज्म बढ़ गया। लोग उनके नक्शे-कदम पर चलकर यहां ध्यान करना चाहते हैं। इसलिए, हालात यह है कि अब 10 दिन से पहले गुफा की उपलब्धता नहीं है।

1500 रुपए है एक दिन का किराया

श्रद्धालु 1,500 रुपए का ऑनलाइन भुगतान गुफा में एक दिन का स्लॉट बुक कर सकते हैं। यात्रा के समय गुप्तकाशी और केदारनाथ में चिकित्सा परीक्षण होता है। इसके बाद भी गुफा में ठहरने की अनुमति दी जाती है। देहरादून में गढ़वाल मंडल विकास निगम (जीएमवीएन) के महाप्रबंधक बीएल राणा ने कहा गुफा में ध्यान के बारे में लोगों की प्रतिक्रिया अभूतपूर्व है। करीब 20 लोग गुफा में पहले ही रह चुके हैं और देश भर से बहुत सारी बुकिंग और पूछताछ है। सभी बुकिंग ऑनलाइन ली जा रही हैं।

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मांग को पूरा करने के लिए बनाई जा रही है दूसरी गुफा


अंग्रेजी अखबार ईटी में छपी खबर के मुताबिक डिमांड को पूरा करने के लिए अब दूसरी गुफा निर्माणाधीन है। राणा ने बताया कि गुफा पूरी तरह से कृत्रिम नहीं है। गुफा बनाने के लिए एक प्राकृतिक चट्टान का इस्तेमाल किया गया है। उनके मुताबिक दूसरी गुफा के निर्माण में कुछ समय लग रहा है। गौरतलब है कि प्रधानमंत्री मोदी ने 18 मई को ध्यान किया था। गुफा केदारनाथ मंदिर से लगभग एक किलोमीटर ऊपर है। लोगों को गुफा तक पहुंचने के लिए पैदल ही यात्रा करनी पड़ती है।

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दो दिन पहले पहुंचना होता है गुप्तकाशी

गुफा में रहने के इच्छुक लोगों को निर्धारित बुकिंग से कम से कम दो दिन पहले केदारनाथ मंदिर के आधार शिविर गुप्तकाशी पहुंचना होता है। केदारनाथ मंदिर में सभी तीर्थयात्रियों के रूप में उन्हें चिकित्सा परीक्षणों से गुजरना पड़ता है। केदारनाथ की यात्रा के बाद या हेलिकॉप्टर से उड़ान भरने के बाद, उन्हें गुफा में रहने की अनुमति देने से पहले तीर्थस्थल पर एक और चिकित्सा परीक्षण करने की आवश्यकता होती है क्योंकि अधिकारी अतिथि की फिटनेस सुनिश्चित करना चाहते हैं। यही नहीं श्रद्धालुओं को गुफा में रुकने से पहले तमाम तरह की सावधानियां और नियमों की एक विस्तृत ब्रीफिंग की जाती है। इस गुफा में एक बार में तीन दिन तक की बुकिंग होती है।


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सिर्फ एक ही व्यक्ति ठहर सकता है

एक समय में केवल एक व्यक्ति गुफा में रह सकता है। जीएमवीएन एक ब्रोशर में बताया गया है कि गुफा में रहकर ऐसा लगता है कि बाकी दुनिया से कोई संपर्क नहींं है। लेकिन किसी भी आपात स्थिति में गुफा में फोन द्वारा किसी भी समय संपर्क किया जा सकता है। गुफा के अंदर घंटी लगी हुई है जिससे जरूरत पड़ने पर एक अटेंडेंट को बुलाया जा सकता है। गढ़वाल मंडल विकास निगम (जीएमवीएन) अतिथि को बिजली, पीने का पानी, सुबह की चाय और भोजन प्रदान करता है। बिस्तर और टॉयलेट जैसी व्यवस्था उपलब्ध है।

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बुकिंग कैंसिल करने पर नहीं मिलती कोई राशि


निगम के मुताबिक एक बार बुकिंग करने के बाद यदि कोई व्यक्ति किसी कारण से इसे रद्द करता है कोई राशि वापस नहीं की जाती है। वहीं यदि किसी ने बुकिंग की कैंसिल की है तो दूसरा व्यक्ति सुबह छह बजे से शाम छह बजे के बीच महज 900 रुपए में नई बुकिंग करवा सकता है।

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