पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें

'न काम का न काज का, नशा दुश्मन समाज का':स्लोगन लिखी दफ्ती लेकर बच्चों ने निकाली झांकी, लोगों ने की सराहना

लालगंज (मिर्जापुर)2 महीने पहले
  • कॉपी लिंक

लालगंज के दुर्गा बाजार में नवयुवक दूर्गा पूजा समिति के पंडाल में रविवार की रात बच्चों ने नशामुक्ति के खिलाफ विशेष झांकी निकाली। बच्चों ने हांथों में दफ्ती लेकर भ्रमण किया। दफ्ती के स्लोगन में लिखा कि न काम का न काज का, नशा दुश्मन समाज का, नशा मुक्त-देश नशा मुक्त समाज लिखकर लोगों को नशा से दूर रहने के लिए प्रेरित किया।

बच्चों ने नाटक के माध्यम से लोगों को नशा से होने वाले बीमारियों सहित नशा के दुष्परिणाम के बारें में बताया। साथ ही बच्चों ने उपस्थित पंडाल में लोगों सहित समाज के लोगों से नशा छोड़ने की अपील की।नशा मुक्ति के लिए बच्चों की इस पहल की सभी ने सराहना की। इस दौरान अनुज अग्रहरि, सौरभ, कमलेश कुमार, महेंद्र आदि उपस्थित रहे।

क्षेत्र में कुल 22 पंडालों में दुर्गा की हुई है स्थापना
क्षेत्र में सरकारी तौर पर कुल 22 स्थलों पर दुर्गा पंडाल बनाए गए हैं। हालांकि पूरे थाना क्षेत्र में 200 से ज्यादा दुर्गा पंडालों की स्थापना हुई है। प्रत्येक गांव व मजरों में सुबह शाम घंट, घडियाल, शंख ध्वनि व माता के जयकारे से भक्तिमय वातावरण हो गया है। सरकारी तौर पर प्रत्येक गांव के लिए दुर्गा विसर्जन करने के लिए स्थल चयन किया गया है।

इन गांवों की दुर्गा प्रतिमा को किया जाएगा विसर्जित
इसमें सुबाव कला गांव की दुर्गा मां की मूर्ति को पोखरा में विसर्जित किया जाएगा। इसी तरह से सोठिया कला की दुर्गा प्रतिमा को गांव के तालाब में, बरूआ की औरा बंधी में, बड़ौहा की अदवा बांध में, भटवारी की दिघिया बंधी में नदना की गांव के ही तालाब में, सगरा गाव की बेलन नदी में, मटिहरा की गांव के तालाब में, सिलहटा की गांव के तालाब में, मनिगढा की बाणसागर में, करौंदिया की रामपुर बांधी में , खम्हरिया ,पिपरा, अहुगी कला एवं अहुगी खुर्द, राजपुर की दुर्गा को अदवा बांध में, हथेडा की दुर्गा गांव के तालाब में, पवारी कला की गांव के पोखरा में, सिकटा की सुखडा डैंप में विसर्जित करने का स्थल सरकारी तौर पर चयनित किया गया है।

खबरें और भी हैं...