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प्लेटफॉर्म लेवल पर पहुंचा रैपिड निर्माण कार्य:मेरठ में रिठानी स्टेशन पर कॉनकोर्स लेवल की स्लैब कास्टिंग पूरी

मेरठ3 महीने पहले
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रिठानी स्टेशन के कॉनकोर्स की स्लैब कास्टिंग का लेवल - Money Bhaskar
रिठानी स्टेशन के कॉनकोर्स की स्लैब कास्टिंग का लेवल

दिल्ली -मेरठ आरआरटीएस (रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम) कॉरिडोर पर मेरठ क्षेत्र में बन रहे रिठानी, मेरठ रैपिड ट्रांज़िट सिस्टम (एमआरटीएस) स्टेशन के कॉनकोर्स लेवल की स्लैब कास्टिंग का निर्माण कार्य पूरा हो गया है। इसके साथ ही अब स्टेशन का निर्माण कार्य प्लेटफॉर्म लेवल पर पहुंच गया है। इस स्टेशन को ग्राउंड, कॉनकोर्स और प्लेटफॉर्म तीन लेवल पर तैयार किया जा रहा है। रिठानी स्टेशन पर यात्रियों को मेरठ मेट्रो की सुविधा मिलेगी, जबकि रीज़नल रैपिड ट्रांज़िट सिस्टम (आरआरटीएस) ट्रेनें यहां से आगे नॉन स्टॉप गुजरेंगी।

2 चरणों में पूरा किया गया

रिठानी स्टेशन के कॉनकोर्स लेवल की स्लैब कास्टिंग लगभग एक महीने पहले शुरू हुई थी, जिसे दो चरणों में पूरा किया गया है। कॉनकोर्स लेवल की स्लैब कास्टिंग पूरी होने के बाद अब इस लेवल पर पब्लिक यूटिलिटी के लिए आगे का निर्माण कार्य शुरू हो गया है। रिठानी स्टेशन की लंबाई लगभग 75 मीटर है और चौड़ाई लगभग 34 मीटर है, जिसका कॉनकोर्स लेवल ग्राउंड लेवल से लगभग 7 मीटर ऊंचा बनाया जा रहा है। इस स्टेशन के प्लेटफॉर्म लेवल की ऊंचाई लगभग 16 मीटर होगी।

ग्राउंड स्टेशन पर होंगे निकास द्वार

रिठानी स्टेशन के ग्राउंड लेवल पर स्टेशन प्रवेश और निकास द्वार होंगे। कॉनकोर्स लेवेल पर यात्रियों के लिए सुरक्षा जांच किओस्क और टिकट काउंटर के अलावा प्लेटफार्म लेवल पर जाने के लिए एएफ़सी (ऑटोमैटिक फेयर कलेक्शन) गेट होंगे। इसके साथ ही यहां यात्री केंद्रित सुविधाएं जैसे आधुनिक सूचना डिस्प्ले बोर्ड (ऑडियो-वीडियो सहित) स्टेशन के आसपास के प्रमुख स्थान दर्शाने वाले सिस्टम मैप, सीसीटीवी कैमरे, अग्निशामक प्रणाली और वॉशरूम आदि जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध होंगी। इसी लेवेल से यात्री सीढ़ियों, लिफ्ट या एस्कलेटर की मदद से प्लेटफ़ार्म लेवल पर पहुंचकर अपने गंतव्य स्थान के लिए ट्रेन ले सकते हैं।

मेरठ मेट्रो को भी मिलेगी सुविधा

इस स्टेशन के प्लेटफॉर्म पर बीच में दो ट्रैक आरआरटीएस ट्रेनों के लिए बनेंगे, जहां से आरआरटीएस ट्रेनें, रिठानी स्टेशन पर रुके बिना अपने निर्धारित गंतव्य के लिए गुजरेंगीं। वहीं प्लेटफॉर्म पर आरआरटीएस ट्रैक्स के दोनों ओर लोकल मेरठ मेट्रो ट्रेन के आने और जाने के लिए एक- एक ट्रैक बनाया जाएगा।

यहां पर यात्रियों को मेरठ मेट्रो की सुविधा मिलेगी। रिठानी वासियों को आरआरटीएस ट्रेनों में लंबी दूरी का यात्रा करने के लिए आरआरटीएस के मेरठ साउथ या शताब्दी नगर स्टेशनों पर जाना होगा जिसके लिए प्लेटफॉर्म बदलने की आवश्यकता नहीं होगी।