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कुशीनगर एयरपोर्ट पर लगेगा 10 करोड़ का ILS:कोहरे-बारिश में भी लैंड और टेकऑफ कर सकेंगे विमान

कुशीनगर2 महीने पहले
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बुद्ध नगरी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट से विमानों के सुरक्षित उड़ान के लिए एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एएआई) ने इंस्ट्रूमेंट लैंडिंग सिस्टम (आईएलएस) की खरीद पूरी कर ली है। सिस्टम लगाने के लिए एएआई को जिला प्रशासन द्वारा अधिग्रहित वांछित भूमि प्राप्त होने की देर है। भूमि प्राप्त होते ही सिस्टम स्थापित करने का कार्य शुरू हो जाएगा। आईएलएस के लिए एएआई 10 करोड़ रुपये खर्च कर रही है।

कुशीनगर एयरपोर्ट।
कुशीनगर एयरपोर्ट।

गौरतलब है कि कुशीनगर अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट से अभी मात्र दिल्ली के लिए उड़ान हो रही है। उड़ान की संख्या न बढ़ने के पीछे एयरपोर्ट पर आईएलएस का न होना बताया जा रहा है। यही कारण है कि विमानन कंपनियां सुदूर स्थानों के लिए सेवा शुरू करने से परहेज कर रही हैं।

कोहरे और बारिश में भी लैंड व टेकऑफ कर सकेंगे विमान
आईएलएस के लगने के बाद से जहाज कोहरे व बारिश के दौरान न्यूनतम दृश्यता में व ऑटो मोड में रन वे पर लैंड व टेकऑफ कर सकेंगे। एयरपोर्ट निदेशक एके द्विवेदी की माने तो आईएलएस एक परफेक्ट नेविगेशनल एक्यूपमेंट है। बाधा रहित उड़ान के लिए सिस्टम का लगना जरूरी है। उड़ान के लिए अंतरराष्ट्रीय विमानन कंपनियों की आईएलएस पहली शर्त होती है। आईएलएस की खरीद हो चुकी है। सिस्टम लगने में छह माह का समय लगेगा। कार्य शुरू होने में भूमि के हैंडओवर न होने की वजह से विलंब है। बता दें कि वर्ष 2021 मे 27 अक्टूबर को एयरपोर्ट पर आईएलएस सर्वे के लिए दिल्ली से टीम आई थी।

एयरपोर्ट पर लगेगा दस करोड़ का लगेगा आईएलएस
एयरपोर्ट पर लगेगा दस करोड़ का लगेगा आईएलएस

नागर विमानन मुख्यालय दिल्ली के संयुक्त महा प्रबंधक एसएस राजू के नेतृत्व में आई टीम में एडी तरुण गुप्ता व सहायक महा प्रबंधक मोहम्मद नसीम शामिल थे। एयरपोर्ट पर आईएलएस के पार्ट डीवीओआर (डाप्लर वेरी हाई फ्रीक्वेंसी ओमनी रेंज), लोक लाइजर, ग्लाइड पाथ आदि लगाए जाने का सर्वे कर अपनी रिपोर्ट मुख्यालय को दिया था। कुशीनगर अन्तर्राष्ट्रीय एयरपोर्ट पर आईएलएस लगाने के लिए चिन्हित 547 किसानों की भूमि के सापेक्ष 99 प्रतिशत भूमि अधिग्रहण का कार्य पूरा हो चुका है। चार किसानों ने मुआवजा लेने से इनकार कर कोर्ट की शरण ली है। दो किसान विदेश में हैं।

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