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स्मृति पर सपा का डिजिटल वार:अमेठी के विकास पर सपा का सोशल मीडिया पर हल्ला बोल; लिखा, डेवलपमेंट से कोई सरोकार नहीं

अमेठी2 महीने पहले
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कादूनाला-थौरी मार्ग (9.15 किलोमीटर) व मुसाफिरखाना-पारा मार्ग (5.650 किलोमीटर) जर्जर हालत में है। - Money Bhaskar
कादूनाला-थौरी मार्ग (9.15 किलोमीटर) व मुसाफिरखाना-पारा मार्ग (5.650 किलोमीटर) जर्जर हालत में है।

पूर्वांचल एक्सप्रेस वे का पीएम के हाथों लोकार्पण के बाद समाजवादी पार्टी बीजेपी को सड़क के माध्यम से ही घेरने में जुटी है। सपा ने अपने फेसबुक पेज के टाइमलाइन पर स्मृति ईरानी के संसदीय क्षेत्र अमेठी की बदहाल सड़क का वीडियो शेयर किया है। लिखा है कि दंभी भाजपा को जनहित के कार्यों से कोई सरोकार नहीं।

पते की बात यह है कि दो दिवसीय दौरे पर अमेठी आई स्मृति ईरानी के दौरा खत्म कर लौटते ही सपा ने वीडियो शेयर किया। साफ संकेत है 2017 में यहां 4 सीटें जीतने वाली बीजेपी का सीधा मुकाबला सपा से होगा।

सड़क निर्माण को लेकर घेरा
आगे लिखा गया है कि अमेठी के गौरीगंज से सपा विधायक राकेश प्रताप सिंह कादूनाला से थौरी मार्ग को जनभागीदारी के माध्यम से गड्ढा मुक्त कर रहे हैं। अहंकारी भाजपा सरकार को 2022 में जनता उखाड़ फेंकेगी। बता दें कि गौरीगंज विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत मुसाफिरखाना तहसील आती है़। तहसील अंतर्गत कादूनाला-थौरी मार्ग (9.15 किलोमीटर) व मुसाफिरखाना-पारा मार्ग (5.650 किलोमीटर) जर्जर हालत में है। इन दोनों सड़कों को दुरुस्त कराने के लिए विधायक ने 2 अक्टूबर को डीएम अरुण कुमार को ज्ञापन दिया था कि 31 अक्टूबर को पूर्वान्ह 11 बजे तक दोनों जर्जर सड़कों के पुनर्निर्माण का कार्य शुरू नही हुआ तो वो पद से इस्तीफा देंगे।

प्रशासन ने घोर लापरवाही बरती पुर्ननिर्माण नही कराया, नतीजतन विधायक ने लखनऊ में विधानसभा अध्यक्ष हृदय नारायण दीक्षित से मिलकर उन्हें अपना इस्तीफा सौंप दिया था। इस्तीफा देने के बाद विधायक समर्थकों के साथ जीपीओ पहुंचे थे और सरकार की कार्यप्रणाली के खिलाफ धरना शुरू कर दिया था।

उधर, 10 नवंबर को अनशन तोड़ने के बाद राकेश सिंह 11 नवंबर को कादूनाला से थौरी मार्ग पर हजारों ग्रामीणों के साथ श्रमदान शुरु किया था। गिट्टी, रोलर चल ही रहा था कि प्रशासन को भनक लग गई। तुगलकी फरमान जारी हुआ। राकेश सिंह हिरासत में लिए गए और अंत में उन पर और अज्ञात लोगों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज हुआ था।

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