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अमेठी में 54 ग्राम सभाओं के किसान परेशान:राजकीय कृषि बीज भंडार उपेक्षित, कर्मचारी गांवों में न जाकर परिसर में रहते हैं बेवजह बैठे

अमेठी3 महीने पहले
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अमेठी के शुकुल बाजार ब्लॉक परिसर में स्थित राजकीय कृषि बीज भंडार की हालत बदहाल है। परिसर में फैली गंदगी व भवन की जर्जर स्थिति देखकर अपनी जरुरत के लिए कम ही किसान यहां आते हैं।

महंगे दाम पर खरीद रहे बीज

क्षेत्र के 54 ग्राम सभाओं के किसानों को उन्नत किस्म के बीज, कीटनाशक, खरपतवार नाशक आदि सुविधाएं मुहैया कराने के लिए स्थानीय ब्लाक परिसर में कृषि रक्षा इकाई, राजकीय कृषि बीज भंडार व कृषि प्रसार अधिकारी का कार्यालय स्थित है। यहां तैनात अधिकारियों व कर्मचारियों का मुख्य उद्देश्य क्षेत्रीय गांवों के किसानों को कृषि की नवीनतम तकनीकी व योजनाओं की जानकारी देकर उनकी आर्थिक बदहाली को दूर करना है। लेकिन यहां तैनात कर्मचारी गांवों में न जाकर परिसर में ही बेवजह बैठकर अपना समय जाया करते देखे जाते हैं। ऐसे में जानकारी के अभाव में बहुत से किसान चौक-चौराहों पर खुली निजी दुकानों से महंगे दाम पर बीज, कीटनाशक व खरपतवार नाशक खरीदने को विवश हैं। यहां राजकीय बीज भंडार प्रभारी व प्राविधिक सहायक विकास अधिकारी कृषि पद की जिम्मेदारी लवकुश पटेल के पास है, जो जिला मुख्यालय पर होने वाली बैठकों आदि के बहाने अक्सर गायब ही रहते हैं।

अधिकारी नहीं दे रहे ध्यान

किसान गोविन्द यादव, ननकी यादव, अंजनी पांडेय, हरिवंश, सोहरत, वीरेंद्र कौशल, रामनाथ आदि का कहना है कि समस्या के संबंध में कृषि विभाग के उच्चाधिकारियों को भी कई बार अवगत कराया जा चुका है। लेकिन किसी ने समस्या पर कोई ध्यान नहीं दिया। जिला कृषि अधिकारी अखिलेश पांडेय ने कहा कि बीज गोदाम पर आने वाले किसानों को कोई परेशानी न हो इसके लिए तैनात कर्मचारियों को कड़े दिशा-निर्देश दिए गए हैं।

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