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24 घंटों में से ढाई घंटे ही होता है रिजर्वेशन:LDC की पोस्ट खाली होने से तत्काल सुविधा भी बंद, विंडो 12 घंटे खोलने की मांग

फतेहपुरएक महीने पहले
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कस्बे में रेलवे स्टेशन पर स्थित आरक्षण खिड़की 24 घंटे में से महज ढाई घंटे खुलती है। ढाई घंटा का समय इस तरह से है कि यात्रियों को स्लीपर श्रेणी में तत्काल की सुविधा भी नहीं मिल पा रही है। लिहाजा रोजाना सैकड़ों यात्रियों को आरक्षण के लिए परेशान होना पड़ता है।

एक तरफ रेलवे को राजस्व का नुकसान हो रहा है वहीं दूसरी तरफ लोगों को भारी असुविधा का सामना भी करना पड़ रहा है। रिक्त पद भरने के लिए स्टेशन अधीक्षक इंतजार खान ने भी रेलवे के अधिकारियों को पत्र भेजा है।

जानकारी के अनुसार फतेहपुर में स्थित आरक्षण खिड़की पर आरक्षण बाबू का पद काफी समय से रिक्त चल रहा है। स्टेशन मास्टर के द्वारा ही टिकट बनाई जाती है। ट्रेन आने का समय होता है उस वक्त रिजर्वेशन टिकट नहीं बनाई जाती है। आरक्षण खिड़की सुबह 9.00 बजे से 10.55 तक खुलती है। इसके बाद शाम को 3.45 से 5.00 बजे तक खुलती है। इन समय में भी अगर कोई ट्रेन इधर से गुजरती है तो रिजर्वेशन टिकट नहीं बनाई जाती। इसके अलावा रविवार को भी आरक्षण खिड़की पूरे दिन बंद रहती है।

स्लीपर श्रेणी तत्काल का नहीं मिल रहा लाभ
रेलवे के नियम के अनुसार स्लीपर श्रेणी की तत्काल टिकट के लिए पूरे भारत में सुबह 11.00 बजे तत्काल कोटा शुरू होता है। फतेहपुर रेलवे स्टेशन पर स्थित खिड़की 10.55 पर बंद हो जाती है। ऐसे में तत्काल टिकट लेने वालों को बैरंग लौटना पड़ता है।

फतेहपुर आरक्षण खिड़की पर रेलवे को रोजाना ₹100000 का रेवेन्यू मिल रहा है। आरक्षण बाबू का पद भरे जाने व आरक्षण खिड़की 12 घंटे खुलने पर रेलवे का रेवेन्यू अधिक हो सकता है साथ ही स्थानीय नागरिकों को सुविधा भी मिल सकेगी।

रिजर्वेशन विंडो 12 घंटे तक खोलने की मांग
रेलवे स्टेशन पर आरक्षण टिकट बनवाने के लिए आने वाले लोगों को दिनभर निराश होना पड़ता है। लोगों को बिना टिकट बनवाएं बैरंग ही लौटना पड़ता है। ऐसे में फतेहपुर रेलवे स्टेशन पर बनी आरक्षण खिड़की को 12 घंटे खोलने व रविवार को भी नियमानुसार खोलने की नागरिक मांग कर रहे हैं।

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