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  • The High Court Said The Petitioner Has Given The Examination, So It Is Not A Matter Of Public Interest, Given The Liberty To Go To A Single Bench

REET रद्द कराने की याचिका खारिज:हाईकोर्ट ने कहा- पिटीशनर ने दी परीक्षा, इसलिए जनहित का नहीं मामला; सिंगल बेंच में जाने को स्वतंत्र

जयपुरएक महीने पहले
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राजस्थान हाईकोर्ट, जयपुर बेंच।

राजस्थान हाईकोर्ट जयपुर ने REET में हुई धांधली की केन्द्रीय एजेंसी से जांच कराए जाने और जांच होने तक इस परीक्षा के परिणाम पर रोक लगाने के लिए दायर याचिका को खारिज कर दिया। जस्टिस गोवर्धन बाढ़दार और जस्टिस मनोज कुमार व्यास की खंडपीठ ने यह फैसला दिया है। सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता की ओर से यह मांग की गई कि परीक्षा के परिणाम पर इसलिए रोक लगाई जाए, क्योंकि एसओजी की ओर से इसे लेकर रोज खुलासे हो रहे हैं। इस पर उच्च न्यायालय ने कहा- चूंकि पिटीशनर ने भी परीक्षा दी है, इसलिए ये मामला जनहित का नहीं माना जा सकता है। लाखों कैंडिडेट ने परीक्षा दी है। यह परीक्षा उनका भविष्य तय करेगी। ऐसे में उन परीक्षार्थियों के हितों को हम अनदेखा नहीं कर सकते।

बीच में याचिकाकर्ता भागचन्द शर्मा और फाइल लिए एडवोकेट दीपक कुमार कैन।
बीच में याचिकाकर्ता भागचन्द शर्मा और फाइल लिए एडवोकेट दीपक कुमार कैन।

याचिकाकर्ता सिंगल बेंच में नए सिरे से केस लगाने को स्वतंत्र

याचिकाकर्ता के वकील एडवोकेट दीपक कुमार कैन ने दैनिक भास्कर को बताया कि केस सिंगल बेंच में ट्रांसफर करने या विड्रॉ करने की अनुमति भी मांगी। डिविजनल बेंच ने उसे यह कहते हुए अस्वीकार कर दिया कि यह कोर्ट पिटीशनर को यह स्वतंत्रता देते हुए इस केस को खारिज करती है कि वह हाईकोर्ट की सिंगल बेंच में अपना दावा पेश कर सकता है। इस तरह हाईकोर्ट ने ये याचिका निस्तारित कर दी। साथ ही कोर्ट ने आगे के लिए कानूनी रास्ता भी दे दिया है।

इस केस में प्रार्थी की ओर से एडवोकेट मनोज भारद्वाज और दीपक कैन ने पैरवी की। सरकार की ओर से एडवोकेट एमएम सिंघवी और संगीत शाह ने पैरवी की। एडवोकेट दीपक कुमार कैन ने कहा कि अब हमें न्यायालय के आदेश की कॉपी की प्रतीक्षा है, जो हमें अभी तक नहीं मिली है। उसे पूरी तरह पढ़ने के बाद ही हम हाईकोर्ट के निर्देश के अनुसार आगे की लीगल प्रक्रिया अपनाएंगे।

कोर्ट के फैसले से सरकार और अभ्यर्थियों को राहत

प्रताप नगर,सांगानेर के रहने वाले भागचन्द शर्मा ने यह PIL दायर की थी। इसमें राज्य सरकार के चीफ सेक्रेटरी, एलीमेंट्री एजुकेशन के प्रिंसिपल सेक्रेटरी , बोर्ड ऑफ सेकेंडरी एजुकेशन राजस्थान के सेक्रेटरी और कोऑर्डिनेटर रीट को पार्टी बनाया गया था। भागचन्द शर्मा ने रीट लेवल-2 की परीक्षा 26 सितंबर को दी थी। शर्मा वर्तमान में बेरोजगार हैं। एमएससी बीएड किया है। याचिका खारिज होने पर अभी सरकार और शिक्षा विभाग ने राहत की सांस ली है। लाखों ऐसे अभ्यर्थी, जिन्होंने रीट की परीक्षा दी है और जो चाहते हैं कि रीट का रिजल्ट जल्द घोषित हो। उन्हें भी इस फैसले से राहत मिली है।

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