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पूनियां बोले-गहलोत राज में साढ़े 11 लाख वैक्सीन डोज बर्बाद:कहा-पंजाब ने 1600 रुपए में बेची डोज,157 करोड़ वैक्सीनेशन पर PM की तारीफ

जयपुर5 महीने पहले
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पूनियां बोले-गहलोत राज में साढ़े 11 लाख वैक्सीन डोज बर्बाद।

बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष सतीश पूनियां ने आरोप लगाया है कि राजस्थान और पंजाब समेत कई राज्यों ने कोविड वैक्सीनेशन ड्राइव में लापरवाही बरती है। राजस्थान में साढ़े 11 लाख डोज कांग्रेस पार्टी के मौजूदा शासन में बर्बाद हुई हैं। पंजाब में 400 रुपए की डोज वहां की सरकार ने 1600 रुपए में प्राइवेट हॉस्पिटल्स को बेची। इतने बड़े चुनौती भरे और महत्वपूर्ण अभियान को भी राजनीतिक रंगत दी गई। लापरवाही बरती और मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक राजस्थान में कई जगह वैक्सीन की बर्बादी देखी गई।

पीएम मोदी को 157 करोड़ कोविड वैक्सीनेशन का श्रेय

सतीश पूनियां ने आज भारत में 157 करोड़ कोविड वैक्सीनेशन होने का श्रेय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और केन्द्र सरकार को दिया। पूनियां ने बीजेपी प्रदेश मुख्यालय पर कहा कि भारत ने सालभर में कीर्तिमान बनाया है। दुनिया के तमाम अहमियत रखने वाले लोगों ने भारत की कामयाबी पर बधाईयां दी हैं। हर भारतीय और भारत वंशी को बिना वैचारिक या राजनीतिक मतभेद के देश के प्रधानमंत्री का अभिनन्दन करना चाहिए। उन्होंने राजस्थान बीजेपी और प्रदेश की जनता की ओर से प्रधानमंत्री मोदी का इसलिए अभिनन्दन किया,क्योंकि उन्होंने वक्त पर लोगों को वैक्सीन लगवाकर इम्युनिटी के लिए कारगर कदम उठाया।

आलोचकों को नीचे देखना पड़ा, 9 महीने में भारत में दो वैक्सीन तैयार होकर लगीं

पूनियां ने आरोप लगाया कि कांग्रेस नेता मनीष तिवारी और समाजवादी पार्टी के अखिलेश यादव ने भी कहा कि यह बीजेपी की वैक्सीन है। इसलिए हम लगवाएंगे नहीं। लेकिन प्रधानमंत्री मोदी को एहसास था कि 135 करोड़ भारतीयों को कोरोना महामारी से वैक्सीन बचा सकती है। उन्होंने कहा भारत में वैक्सीन का पुराना इतिहास रहा है। 1930 में जापानी इन्सेफेलाइटिस बीमारी आने के 83 बरस बाद वैक्सीन आ सकी। ऐसे ही पोलियो वैक्सीन को 23 साल, टिटनेस वैक्सीन को आने में 54 साल लग गए। इसलिए आलोचकों को नीचा देखना पड़ा होगा, जब भारत में कोविड महामारी आने के सिर्फ 9 महीने में वैक्सीन तैयार हुई और लगनी शुरू हो गई। आज ही के दिन एक सफाईकर्मी मनीष कुमार को कोरोना की पहली डोज लगी थी। अब तक 157 करोड़ डोज वैक्सीनेशन में से 66 करोड़ लोग डबल वैक्सीनेटेड हुए हैं। औसत 43 लाख वैक्सीन रोजाना लगी हैं। पूनियां ने आरोप लगाया विपक्ष ने वैक्सीन ड्राइव को बदनाम करने की कोशिश की। जिनमें झारखण्ड, छत्तीसगढ़, तमिलनाडू राज्य वैक्सीन की बर्बादी के लिए जाने गए। लेकिन बाद में उन्हें वैक्सीन का महत्व पता चला। प्रधानमंत्री के जन्मदिन 17 सितम्बर को भारत में ढाई करोड़ लोगों को एक दिन में वैक्सीन लगी। भारत सरकार ने 15 से 17 साल के साढ़े 3 करोड़ बच्चों को अब तक वैक्सीन लगवा दी है। मेड इन इंडिया और दो-दो वैक्सीन भारत में बनना मील का पत्थर है।