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सीधी में मिले बाघिन के अवशेष:पांच बोरियों में अवशेष भरकर गहरे नदी में फेंके थे, विभाग ने किए बरामद

सीधी2 महीने पहले
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तालाब से शव बाहर निकालते हुए वन विभाग के अधिकारी - Money Bhaskar
तालाब से शव बाहर निकालते हुए वन विभाग के अधिकारी

जिले के आदिवासी अंचल कुसमी के संजय गांधी टाइगर रिजर्व में बाघिन का शव मिल गया है। उसे करीब एक दर्जन लोगों ने मारकर और उसके कई अंगों को काट कर गोपद नदी के गहरे पानी में बोरी में भरकर फेंक दिया था। जिससे लगातार कई दिनों तक उसकी शिनाख्त नहीं हो रही थी। लेकिन अब संजय गांधी टाइगर रिजर्व की टीम ने बड़ी सफलता पाई है। बाघिन के अवशेषों को ढूंढ लिया गया है।

कल मिले बाघिन के शव के अवशेष
संजय टाइगर रिजर्व, सीधी की पूरी विभागीय टीम जिसका नेतृत्व स्वयं फील्ड डायरेक्टर वाय.पी. सिंह कर रहे हैं। रविवार को पकड़े गए संदेही आरोपी द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक अपने पूरे दलबल और डॉग स्क्वाड के साथ नए सिरे से अपनी जांच शुरू की। खोजबीन के दौरान संजय टाइगर रिजर्व के खोजी कुत्ते अपोलो को जब इस हथिनी दह के पास ले जाया गया तो उसने बाघिन के गंध को पहचानते हुए सीधे कुंड में ही छलांग लगा दी।

गोताखोरों की ली गई मदद
पकड़े गए संदिग्ध द्वारा पुख्ता जानकारी दिए जाने के बाद संजय टाइगर रिजर्व द्वारा गोताखोरों की टीम को इस हथिनी दह में उतारा गया। जहां पानी की गहराई अधिक होने और इलाके में ठंड होने के कारण सुबह 11 बजे तक 2 बोरियों में इस बाघिन के शव के अवशेषों को इस दह से बाहर निकाला गया। जिसमें उसके शरीर के पीछे के हिस्से के कई टुकड़े बोरियों में भरे पत्थरों के साथ बरामद किए गए। दोपहर सवा तीन बजे के आसपास एक और बोरी इस दह से बरामद हुई। उसमें बाघिन के शरीर के आगे के दाहिना हिस्से का अवशेष पाया गया। रविवार को पूरे दिन चले इस अभियान के दौरान 5 में से 3 बोरियां विभाग ने बरामद कर ली है। जबकि, सोमवार को पुनः गोताखोरों का यह अभियान चलाया जाएगा। शेष अन्य 2 बोरियों में अभी तक लापता शव के अवशेषों की जब्ती की जाएगी। विभाग द्वारा इस पूरे घटनाक्रम की विधिवत वीडियोग्राफी भी करवाई जा रही है। रविवार को बाघिन के शव के प्राप्त अवशेषों को उसी इलाके के पनघटा घाट में जंगल विभाग के प्रावधानों के तहत उसका दाह संस्कार किया गया।

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