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सतना में बाल वस्त्र दान अभियान का शुभारंभ:6 कलेक्शन प्वाइंट्स बनाए, यहां कर सकेंगे बच्चों के कपड़े इकट्ठा

सतना2 महीने पहले
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सतना जिले में मझगवां, परसमनिया पहाड़ी अंचल सहित शहरी क्षेत्र की सेवा बस्तियों में कमजोर वर्ग के परिवारों जरूरतमंद बच्चों को सर्दियों के मौसम में कपड़े और ऊनी कपड़े उपलब्ध कराने 25 सितंबर से 25 अक्टूबर तक एक महीने चलने वाले बाल वस्त्र दान अभियान का रविवार को शुभारंभ किया गया। इस अभियान के तहत 0 से 15 साल तक के बच्चों के कपड़े संग्रह किए जाने हैं।

अभियान का शुभारंभ रविवार को कलेक्टर अनुराग वर्मा ने बाल कल्याण समिति कार्यालय जवाहर नगर में मां सरस्वती जी के छाया चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलित कर किया। इस मौके पर कलेक्टर की पत्नी नेहा वर्मा, बाल कल्याण समिति की अध्यक्ष राधा मिश्रा, सदस्य चांदनी श्रीवास्तव, जिला बाल संरक्षण अधिकारी सौरभ सिंह परियोजना अधिकारी पुनीत शर्मा अभय द्विवेदी, बाल संरक्षण अधिकारी अमर सिंह, सहायक संचालक श्याम किशोर द्विवेदी, पूर्व केंद्रीय सहकारी बैंक अध्यक्ष रत्नाकर चतुर्वेदी शिवा, डॉ प्रवीण श्रीवास्तव भी उपस्थित थे।

इस मौके पर कलेक्टर अनुराग वर्मा, सौरभ सिंह, डॉ प्रवीण श्रीवास्तव तथा रत्नाकर चतुर्वेदी शिवा सहित अधिकारियों और समाजसेवियों ने बच्चों के लिए नए और पुराने अनुपयोगी कपड़ों का दान किया। इस सामाजिक और सेवा के अभियान में नेहा के नेतृत्व में बाल कल्याण समिति और महिला एवं बाल विकास विभाग के सहयोग एवं समन्वय से 25 सितंबर से 25 अक्टूबर तक बाल वस्त्र दान के संग्रह का अभियान चलेगा।

इसके लिए सतना शहर में अलग अलग क्षेत्र में 6 कलेक्शन प्वाइंट्स बनाए गए हैं। इन प्वाइंट्स पर जिले का कोई भी नागरिक अपने घर से अनुपयोगी कपड़े अथवा नये कपड़े दान कर सकेंगे। एक माह बाद संग्रहित पुराने कपड़ो को धुलवाकर और प्रेस करवा कर नए कपड़ों के साथ जिले के आवश्यकता वाले स्थानों पर बच्चों को वितरित किया जाएगा।

इन स्थानों पर बने कलेक्शन पॉइंट

अभियान के तहत वस्त्रों का संग्रहण करने सतना शहर में 6 प्वाइंट्स बनाए गए हैं। ये कलेक्शन पॉइंट परियोजना कार्यालय शहरी क्रमांक 1,कम्युनिटी हॉल जयस्तम्भ चौक,बाल कल्याण समिति कार्यालय कन्या धवारी स्कूल के पास,शासकीय स्वशासी स्नातकोत्तर महाविद्यालय गहरा नाला,सर्किट हाउस रीसैप्शन काउंटर तथा शासकीय इंदिरा कन्या महाविद्यालय में बनाए गए हैं। यहां रोजाना 11 बजे से शाम 5 बजे तक हर कोई वस्त्र भेंट कर अभियान में सहभागी बन सकता है।

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