पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Market Watch
  • SENSEX57684.791.09 %
  • NIFTY17166.91.08 %
  • GOLD(MCX 10 GM)47590-0.92 %
  • SILVER(MCX 1 KG)61821-0.24 %

पंचायत के 'गड्‌ढे' में मासूम की मौत:आंगनबाड़ी के पास सोख्ता टैंक के लिए 4 फीट का गड्‌ढा खोदा, 5 साल का बच्चा खेलते-खेलते गिरा, सांसें थम गईं

सीधी3 महीने पहले
  • कॉपी लिंक
मासूम बच्चा खेलते-खेलते गड्‌ढे में गिर गया, जिससे उसकी मौत हो गई।

सीधी से महज 10 किमी दूर बड़ौरा गांव में भ्रष्टाचार और लापरवाही ने एक मासूम की जान ले ली। आंगनबाड़ी के पास 6 महीने पहले पंचायत हैंडपंप के पास सोख्ता टैंक बनाने के लिए गड्‌ढा खोदा था, लेकिन उस पर जाली या ढक्कन नहीं लगाया था। सिर्फ गड्‌ढा खोदकर छोड़ दिया गया था। उसी गड्‌ढे में शनिवार को 5 साल का बच्चा खेलते-खेलते गिर गया और डूबने से उसकी मौत हो गई। मासूम को गोद में लिए दादा रोते रहे। ग्रामीणों का आरोप है कि बच्चे की मौत हादसा नहीं, हत्या है, क्योंकि जिम्मेदार यदि समय पर गड्‌ढे को भरवा देते या जाली लगा देते तो बच्चे की जान नहीं जाती। पुलिस ने पंचनामा बनाकर शव को पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भिजवाया है।

थाना प्रभारी चुरहट कन्हैया सिंह बघेल ने बताया कि हादस बढ़ौरा में हुआ है। सेमरिया चौकी ने सूचना दी थी कि आंगनवाड़ी केंद्र के पीछे एक गड्‌ढे में 5 साल का शिवाय कोल पुत्र महेश कोल डूब गया है। मौके पर पहुंचे तो तीन-चार फीट गहरे गड्‌ढे में बच्चा डूबा हुआ था। उसे बाहर निकाला गया, लेकिन उसकी मौत हो चुकी थी। पता चला है कि आंगनबाड़ी के सामने मौजूद हैंडपंप से निकलने वाले पानी के लिए सोख्ता गड्‌ढा खोदा गया था। इसी में पानी स्टोर होता है। बच्चा खेलते-खेलते गड्‌ढे में गिर गया। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच में लिया है।

4 फीट गहरा गड्‌ढा पंचायत से खुदवाया था

वहीं, ग्रामीण मुन्ना कोल का कहना है कि पंचायत द्वारा यह गड्‌ढा करीब 6 महीने पहले खुदवाया गया था। करीब 4 फीट गहरे गड्‌ढे में पानी भरा हुआ है। जिस प्रकार से सोख्ता गड्‌ढा बनवाया गया है, क्या वह इसी प्रकार से बनता है। गड्‌ढे के ऊपर जाली भी नहीं डाली गई थी। दो फीट की जगह 4 फीट गड्‌ढा खोदा गया था।

ग्रामीणों का कहना है कि यह गड्‌ढा नहीं होता तो बच्चे की जान नहीं जाती। ऐसा लगता है जैसे यह गड्‌ढा तो मरने के लिए ही बनवाया गया है। ग्रामीणों का आरोप है कि गड्‌ढे में कई मवेशी गिरकर घायल हुए हैं। शिकायत भी की गई, लेकिन पंचायत ने ध्यान नहीं दिया। अगर समय रहते इस पर जाली लगा दी गई होती तो बच्चे की जान नहीं जाती।

खबरें और भी हैं...