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पानीपत में दिव्यांगों का विरोध प्रदर्शन:नारेबाजी करते हुए MLA कार्यालय पहुंचे, प्रमोद विज बोले: CM के खिलाफ नारे नहीं सुनूंगा

पानीपतएक महीने पहले
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सीएम के खिलाफ नारेबाजी करने वाले दिव्यांगों से अपनी नाराजगी जाहिर करते शहरी विधायक प्रमोद विज। - Money Bhaskar
सीएम के खिलाफ नारेबाजी करने वाले दिव्यांगों से अपनी नाराजगी जाहिर करते शहरी विधायक प्रमोद विज।

हरियाणा के पानीपत जिले में विकलांग उत्थान समिति के बैनर तले आज दिव्यांगों ने विरोध प्रदर्शन किया। पिछले 50 दिनों से लघु सचिवालय के सामने हाईवे के नीचे धरने पर बैठे दिव्यांगों ने जीटी रोड से होते हुए MLA कार्यालय तक सरकार के खिलाफ अपना गुस्सा जाहिर किया।

इस दौरान जीटी रोड पर करीब 1 घंटे तक लंबे जाम की भी स्थिति बनी रही।नारेबाजी करते हुए दिव्यांग विधायक प्रमोद विज के कार्यालय के बाहर पहुंचे। यहां दिव्यांगों ने सरकार, सीएम, विधायक के खिलाफ नारेबाजी की। करीब 20 मिनट के बाद विधायक अपने कार्यालय से बाहर आए और उन्होंने आते ही दिव्यांगों को हड़काया।

उन्होंने कहा कि वे सीएम के खिलाफ एक शब्द नहीं सुनेंगे। इतना कहने के बाद विधायक वापस कार्यालय जाने लगे तो दिव्यांगों ने उनसे समस्याएं सुनने काआग्राह किया। करीब 25 मिनट तक दिव्यांगों और विधायक के बीच जीटी रोड पर जाम के बीच ही बातचीत हुई। विधायक ने ज्ञापन लिया और आश्वासन देकर वापस कार्यालय चले गए।

शहरी विधायक प्रमोद विज के कार्यालय के बाहर जीटी रोड पर प्रदर्शन करते दिव्यांग।
शहरी विधायक प्रमोद विज के कार्यालय के बाहर जीटी रोड पर प्रदर्शन करते दिव्यांग।

इन 18 सूत्रीय मांगों का दिया ज्ञापन

  • निर्वाचन क्षेत्र में आरक्षित सीटों की भांति दिव्यांग जनों की भी चुनाव प्रक्रिया में सीट आरक्षित की जाए।
  • निशक्त आयुक्त सम्मिलित राज्य स्तरीय कमेटी में विकलांग उत्थान समिति की तरफ से मनोनीत तीन सदस्यों को भी कमेटी में शामिल किया जाए।
  • किसी भी विभाग को अगर दिव्यांगों की किसी समस्या को दूर करते हुए कोई भी सुझाव की जरूरत पड़ती है तो उस संबंधित विभाग से समिति की मीटिंग का प्रावधान रखा जाए।
  • दिव्यांग कल्याण केंद्र की स्थापना की जाए, जिसमें आवश्यक पदों पर दिव्यांग व्यक्ति की नियुक्ति की जाए।
  • 5 सदस्यीय कमेटी का गठन किया जाए, जो दिव्यांगों के घर-घर जाकर सरकार की योजनाओं के बारे में बताने का काम करेगी।
  • दिव्यांगों को डीसी रेट के बराबर मासिक पेंशन दी जाए।
  • हरियाणा के सभी विभागों में 1995 से खाली बैकलॉग को जल्द से जल्द भरा जाए।
  • तहसील, कोर्ट व अन्य जगहों पर बैठने वाले स्टांप वेंडर कार्य का लाइसेंस दिव्यांगों को उपलब्ध करवाए जाए।
  • 40% दिव्यांगता वाले लोगों का पेंशन, बस पास व रेल पास बनाए जाए।
  • बीपीएल, राशन कार्ड में नाम जोड़कर दिव्यांगों को पीएम आवास योजना के तहत को 100 गज का प्लॉट दिया जाए।
  • स्वरोजगारी बनाने के लिए बिना गारंटर के लोन आसान प्रक्रिया से उपलब्ध करवाया जाए।
  • जिन दिव्यांगों के कच्चे मकान हैं, उनको तुरंत प्रभाव से शौचालय, रसोईघर सहित सुगम्य इमारत के तहत बाधा रहित पक्का मकान बना कर दिया जाए।
  • दिव्यांगों को बिजली का पानी दिया जाए व रजिस्ट्री में स्टांप ड्यूटी पर 50% की छूट दी जाए।
  • दिव्यांगों के ड्राइविंग लाइसेंस हर जिले में कैंप आयोजित करके बनाए जाएं।
  • जिला उपायुक्त द्वारा हर महीने दिव्यांग सभा बुलाकर दिव्यांगों की समस्या निवारण हेतु कमेटी गठित की जाए।
  • सरकार द्वारा दिए जाने वाले ठेके जैसे पार्किंग, शराब के ठेके, वीटा बूथ व अन्य प्रकार के ठेकों में भी दिव्यांगों का 4% कोटा आरक्षित किया जाए।
  • सभी सरकारी व प्राइवेट इमारत सुगम्य भारत योजना के तहत बनाई जाए, ताकि दिव्यांग व्यक्ति को इमारत में आने जाने में समस्या न हो।
  • दिव्यांगों के बनने वाले दिव्यांग प्रमाण पत्र जारी करने वाली नई मेडिकल नीति में सुधार किया जाए, ताकि पुरानी मेडिकल प्रतिशत में कटौती न की जाए।