Home »Economy »Banking» Govt Urges Banks Including Private Ones To Reconsider Charges On Cash Transactions

SBI के सेविंग अकाउंट्स में मिनिमम बैलेंस लिमिट बढ़ेगी, 31 करोड़ लोगों पर असर

नई दिल्‍ली.   देश के सबसे बड़े बैंक SBI ने एक अप्रैल से सेविंग अकाउंट में मिनिमम बैलेंस की लिमिट बढ़ाने का फैसला किया है। बढ़ी हुई लिमिट को मेंटेन नहीं करने पर पेनल्टी लगाई जाएगी। एसबीआई के फैसले से 31 करोड़ लोगों पर असर पड़ेगा। फैसले की जद में पेंशनर्स और स्टूडेंट्स भी आएंगे। एसबीआई ने एटीएम से ट्रांजेक्शन पर भी कुछ शर्तें लगाई हैं। इस बीच, सरकार ने बैंकों से यह भी कहा है कि वे कैश ट्रांजैक्शन पर लगाया जाने वाले चार्ज पर दोबारा विचार करें। बता दें कि बैंकों के इन कदमों का विरोध हो रहा है।क्या है मामला...
 
-एसबीआई में 31 करोड़ अकाउंट होल्डर हैं। अब तक एवरेज मंथली सेविंग अकाउंट बैलेंस 500 रुपए रखना जरूरी था। चेकबुक फैसिलिटी के साथ 1000 रुपए का बैलेंस रखना जरूरी था।
- 1 अप्रैल से एसबीआई ने मिनिमम बैलेंस को चार कैटेगरीज- मेट्रो, अर्बन, सेमी अर्बन और रूरल में बांट दिया है। इनके लिए चार्ज भी अलग फिक्स किए गए हैं। इसके तहत बैंक 50 रुपए से 100 रुपए तक मंथली चार्ज लगाया जाएगा।  
1)मेट्रो ब्रांचों में 5000 मिनिमम बैलेंस रखना होगा। ऐसा ना होने पर 50 से 100 रुपए पेनल्टी लगाई जाएगी।
2)अर्बन ब्रांचों के सेविंग अकाउंट्स में 3000 का बैलेंस मेंटेन करना होगा।
3)सेमी अर्बन और रूरल ब्रांचों के लिए ये लिमिट 2000 रुपए रखी गई है। 
 
किन पर असर
- 1 अप्रैल से लागू होने वाले इस फैसले की जद में पेंशनर्स और स्टूडेंट्स भी आएंगे। एसबीआई अकाउंट होल्‍डर्स और इसके 5 एसोसिएट्स बैंक (जिनका एक अप्रैल को मर्जर होने वाला है) के कस्‍टमर्स पर इसका असर पड़ेगा।   
 
ट्रांजैक्शन चार्ज पर फिर विचार करें
- कस्टमर पर कैश ट्रांजेक्शन चार्ज लगाए जाने के बैंकों के फैसले पर सरकार एक्शन में आ गई है। न्यूज एजेंसी के मुताबिक, सरकार ने बैंकों को कहा है कि वह कैश ट्रांजैक्शन चार्ज, एटीएम यूज और मिनिमम बैलेंस पर लिए जाने वाले चार्ज पर दोबारा विचार करें।
- अगर बैंक सरकार की बात मानते हैं, तो आपको हाल ही में एसबीआई, एचडीएफसी , आईसीआईसीआई जैसे बैंकों द्वारा लिए जाने वाले कैश ट्रांजैक्शन चार्ज को देने से छूट मिल सकती है। इसी तरह लिमिट के बाद एटीएम से ट्रांजैक्शन करने पर भी चार्ज का प्रपोजल रद्द हो सकता है।
- हालांकि, इस बात को अमल में लाने के लिए आरबीआई को बैंकों को ऑर्डर देना पड़ेगा। 
 
बैंकों ने घटाई ट्रांजैक्शन लिमिट
-आईसीआईसीआई और एक्सिस पहले से ही 4 ट्रांजैक्शन के बाद चार्ज ले रहे थे। एसबीआई ने 1 अप्रैल से फ्री कैश डिपॉजिट ट्रांजैक्शन की लिमिट 3 करने का फैसला किया है ।
 
एटीएम से कैश ट्रांजेक्शन पर क्या होंगे चार्ज
-एसबीआई सेविंग्‍स अकाउंट होल्‍डर्स को हर महीने बैंक में सिर्फ तीन बार कैश डिपॉजिट करना फ्री होगा। इसके बाद हर ट्रांजैक्‍शन पर 50 रुपए और सर्विस टैक्‍स लगेगा। करंट अकाउंट्स के मामले में यह चार्ज 20 हजार रुपए तक पहुंच सकता है।
- वहीं, एटीएम विद्ड्रॉअल के लिए भी चार्जेस तय किए गए हैं। एसबीआई के मुताबिक, दूसरे बैंकों के एटीएम से एक महीने में तीन बार फ्री विद्ड्रॉल की फैसिलिटी मिलेगी। इसके बाद हर विद्ड्रॉअल पर 20 रुपए पेनल्‍टी लगेगी।
- वहीं, एसबीआई के एटीएम से हर महीने 5 विद्ड्रॉअल के बाद 10 रुपए प्रति ट्रांजैक्‍शन वसूला जाएगा। एसबीआई एसएमएस अलर्ट के लिए भी चार्जेस लेगा।

Recommendation

    Don't Miss

    NEXT STORY