STOCKS
Home » Market » Stocks »The Market Growth In Profits Flowing
Peter Drucker
मुनाफा किसी कंपनी के लिए उसी तरह है जैसे एक व्यक्ति के लिए ऑक्सीजन।

मुनाफावसूली में बह गई मार्केट की बढ़त

बिजनेस भास्कर/एजेंसियां नई दिल्ली/मुंबई | Feb 21, 2013, 00:06AM IST

सीमित गतिविधियां - बाजार में बुधवार को ऑयल एंड गैस व सीमेंट सेक्टर के बढऩे वाले शेयरों और मेटल व फाइनेंशियल सेक्टर के गिरावट दर्ज करने वाले शेयरों के बीच जंग जैसे हालात बने हुए थे। घरेलू स्तर पर किसी बड़ी घटना के अभाव में भी बाजार में गतिविधियां काफी सीमित रहीं। - नागजी रीटा, सीएमडी, इनवेंचर ग्रोथ एंड सिक्युरिटीज

अनुशासन जरूरी - सरकार के लिए राजकोषीय घाटे पर लगाम लगाना और इसे निचले स्तर पर बनाए रखने की बड़ी चुनौती है। विदेशी निवेशकों को बाजार में लाने के लिहाज से राजकोषीय अनुशासन सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण है।  - के. के. मित्तल,पोर्टफोलियो मैनेजमेंट प्रमुख, ग्लोब कैपिटल

ग्लोबल स्तर पर बेहतरी के संकेतों के चलते खासी मजबूती के साथ खुले घरेलू बाजारों की समूची बढ़त बैंकिंग, कैपिटल गुड्स व मेटल सेक्टर के शेयरों में हुई मुनाफावसूली के दबाव में बह गई।

रिलायंस इंडस्ट्रीज की तीन फीसदी से ज्यादा की तेजी भी बाजारों में ज्यादा काम नहीं आ पाई और शाम को बांबे स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) का संवेदी सूचकांक महज 7.03 अंक की बढ़त के साथ 19४४5 अंक पर बंद हुआ।

हालांकि, यह सेंसेक्स की लगातार तीसरी बढ़त रही।इन तीन सत्रों के दौरान सेंसेक्स 174 अंक चढ़ चुका है। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) के निफ्टी में भी 3.35 अंक की मजबूती रही और यह 5,943.05 अंक पर बंद हुआ।

ब्रोकरों के मुताबिक, एशियाई बाजारों की अच्छी तेजी से संकेत लेते हुए घरेलू बाजारों ने भी कारोबार की शुरुआत मजबूती के साथ की। इसके चलते, शुरुआती कारोबार में ही बीएसई सेंसेक्स कारोबारी सत्र के उच्च स्तर 19,742.42 अंक तक चढ़ गया। लेकिन थोड़ी देर बाद ही बैंकिंग, कैपिटल गुड्स व मेटल सेक्टर के शेयरों में बढ़ी मुनाफावसूली के चलते बाजार पर दबाव बन गया और इसमें गिरावट शुरू हो गई।

विशेषरूप से आईसीआईसीआई बैंक, आईटीसी, एसबीआई, टाटा मोटर्स, एलएंडटी, टाटा स्टील, जिंदल स्टील व स्टरलाइट जैसे दिग्गज शेयरों में हुई बिकवाली ने एक समय तो सेंसेक्स को 19,619.89 अंक के निचले स्तर तक गिरा दिया।

हालांकि, रिलायंस इंडस्ट्रीज में दर्ज की गई तीन फीसदी से ज्यादा की बढ़त ने बाजार को बढ़त के साथ बंद होने में खासी मदद की। साथ ही एचडीएफसी बैंक, टीसीएस, कोल इंडिया व हीरो मोटोकॉर्प की तेजी से भी बाजार को मदद मिली।

इनवेंचर ग्रोथ एंड सिक्युरिटीज के सीएमडी नागजी रीटा ने कहा कि बाजार में बुधवार को ऑयल एंड गैस व सीमेंट सेक्टर के बढऩे वाले शेयरों और मेटल व फाइनेंशियल सेक्टर के गिरावट दर्ज करने वाले शेयरों के बीच जंग जैसे हालात बने हुए थे। घरेलू स्तर पर किसी बड़ी घटना के अभाव में भी बाजार में गतिविधियां काफी सीमित रहीं।

ग्लोब कैपिटल के पोर्टफोलियो मैनेजमेंट प्रमुख के. के. मित्तल ने कहा कि सरकार के लिए राजकोषीय घाटे पर लगाम लगाना और इसे निचले स्तर पर बनाए रखने की बड़ी चुनौती है। विदेशी निवेशकों को बाजार में लाने के लिहाज से राजकोषीय अनुशासन सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण है।

ग्लोबल स्तर पर देखें तो एशिया में अधिकांश बाजार बढ़त के साथ बंद हुए। हांगकांग, चीन, सिंगापुर, दक्षिण कोरिया, जापान व ताइवान के मुख्य सूचकांकों में 0.40 फीसदी से लेकर 1.95 फीसदी तक की तेजी दर्ज की गई।

हालांकि, यूरोपीय बाजारों में दोपहर बाद मिला-जुला रुख देखा जा रहा था। खबर लिखे जाते समय ब्रिटेन के एफटीएसई में 0.27 फीसदी व जर्मनी के डेक्स में 0.04 फीसदी की तेजी के साथ कारोबार हो रहा था, जबकि फ्रांस के सीएसई में 0.25 फीसदी की गिरावट देखी जा रही थी।

घरेलू स्तर पर बीएसई सेंसेक्स में शामिल 30 में से 11 कंपनियों के शेयर बढ़त के साथ बंद हुए, जबकि 19 के शेयरों में गिरावट रही। रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयर का भाव 3.13 फीसदी, सन फार्मा में 1.37 फीसदी, हीरो मोटोकॉर्प में 1.26 फीसदी, कोल इंडिया में 1.12 फीसदी, गेल इंडिया में 0.99 फीसदी व डॉ. रेड्डीज के शेयर में 0.90 फीसदी की तेजी रही।

दूसरी ओर टाटा स्टील के शेयर का भाव 1.75 फीसदी, जिंदल स्टील का 1.47 फीसदी, सिप्ला का 1.32 फीसदी, भारती एयरटेल का 1.04 फीसदी, एसबीआई का 0.98 फीसदी, टाटा मोटर्स का 0.96 फीसदी व आईसीआईसीआई बैंक के शेयर का भाव 0.94 फीसदी गिर गया।

कुल मिलाकर बाजार की धारणा सकारात्मक रही। बाजारों में सूचीबद्ध कुल कंपनियों में से 1,152 के शेयर बढ़त बनाने में कामयाब रहे, जबकि 963 के शेयरों में गिरावट दर्ज की गई। उधर, विदेशी संस्थागत निवेशकों (एफआईआई) ने मंगलवार को घरेलू शेयरों में 181.57 करोड़ रुपये की शुद्ध बिकवाली की।

ग्लोबल हालात - ग्लोबल स्तर पर देखें तो एशिया में अधिकांश बाजार बढ़त के साथ बंद हुए। हांगकांग, चीन, सिंगापुर, दक्षिण कोरिया, जापान व ताइवान के मुख्य सूचकांकों में 0.40 फीसदी से लेकर 1.95 फीसदी तक की तेजी दर्ज की गई। हालांकि, यूरोपीय बाजारों में दोपहर बाद मिला-जुला रुख देखा जा रहा था।

खबर लिखे जाते समय ब्रिटेन के एफटीएसई में 0.27 फीसदी व जर्मनी के डेक्स में 0.04 फीसदी की तेजी के साथ कारोबार हो रहा था, जबकि फ्रांस के सीएसई में 0.25 फीसदी की गिरावट देखी जा रही थी।

 

आपकी राय

 

ग्लोबल स्तर पर बेहतरी के संकेतों के चलते खासी मजबूती के साथ खुले घरेलू बाजारों की समूची बढ़त बैंकिंग, कैपिटल गुड्स व मेटल सेक्टर के शेयरों में हुई मुनाफावसूली के दबाव में बह गई।

आपके विचार
 
अपने विचार पोस्ट करने के लिए लॉग इन करें

लॉग इन करे:
या
अपने बारे में बताएं
 
 

दिखाया जायेगा

 
 

दिखाया जायेगा

 
कोड:
4 + 8

 
Email Print Comment