CORPORATE
Home » News Room » Corporate »Restless Sluggish Sales Of The Auto Industry
Jim Cramer
दुनिया में डर कर किसी ने एक चवन्नी भी नहीं कमाई।

सुस्त बिक्री से ऑटो उद्योग बेचैन

बिजनेस भास्कर नई दिल्ली | Jan 10, 2013, 01:13AM IST
सुस्त बिक्री से ऑटो उद्योग बेचैन

लेखा-जोखा
2.77 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज की गई है दिसंबर 2012 में पूरे ऑटोमोबाइल उद्योग की बिक्री में
12.5 फीसदी कम रही है दिसंबर,11 के मुकाबले दिसंबर,12 में पैसेंजर कारों की बिक्री
अगस्त,12 के बाद किसी महीने में सबसे बड़ी गिरावट देखी गई दिसंबर के दौरान

देश में ऑटोमोबाइल उद्योग की बिक्री सुस्त पडऩे के चलते अब कंपनियों को एक्साइज ड्यूटी में कटौती की दरकार है। सोसायटी ऑफ इंडियन ऑटोमोबाइल मैन्यूफैक्चरर्स (सियाम) ने ऑटोमोबाइल उद्योग को बढ़ावा देने के मकसद से एक्साइज ड्यूटी में कटौती की मांगी की है।

इसके अलावा ऑटोमोटिव मिशन प्लान (एएमपी) को भी 10 साल के लिए बढ़ाने की मांग की गई है। सियाम के प्रेसिडेंट एस. शांडिल्या ने कहा कि माहौल में कोई बदलाव नहीं है। ब्याज दरें बेहद ज्यादा हैं और ईंधन की कीमतों में भी बढ़ोतरी हुई है।

वहीं, पूरी अर्थव्यवस्था में सुस्ती है। ऐसे माहौल में ऑटोमोबाइल उद्योग को बढ़ावा देने के मकसद से सरकार को एक्साइज ड्यूटी में कटौती करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि मौजूदा बिक्री को देखते हुए हमें नहीं लगता है कि चौथी तिमाही में भी बढ़ोतरी हासिल होगी। इसके लिए सरकार की मदद की जरूरत है।

दिसंबर में कारों की बिक्री 12.5 फीसदी गिरी : देश में पैसेंजर कारों की बिक्री दिसंबर 2012 में पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले 12.5 फीसदी कम रही है। यह पिछले चार महीनों के दौरान कारों की बिक्री में सबसे बड़ी गिरावट है।

इसकी प्रमुख वजह ऊंची ब्याज दरें, ईंधन की ज्यादा कीमतें और अर्थव्यवस्था में सुस्ती है। सोसायटी ऑफ इंडियन ऑटोमोबाइल मैन्यूफैक्चरर्स (सियाम) के आंकड़ों के मुताबिक, दिसंबर 2012 में घरेलू बाजार में कारों की बिक्री 1,41,083 इकाइयों की रही है।

जबकि, दिसंबर 2011 में यह आंकड़ा 1,61,247 कारों का था। यह गिरावट अगस्त 2012 के बाद से सबसे बड़ी गिरावट है। अगस्त 2012 में कारों के बाजार में 18.5 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई थी।

सियाम के प्रेसिडेंट एस. शांडिल्या ने कहा कि माहौल में सुधार नहीं हो रहा है। एक तरफ ब्याज दरें बेहद ज्यादा हैं तो दूसरी तरफ ईंधन की कीमतें भी ज्यादा हैं। हालांकि, दिसंबर 2012 में पूरे ऑटोमोबाइल उद्योग की बिक्री में 2.77 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज की गई है।

आपकी राय

 

देश में ऑटोमोबाइल उद्योग की बिक्री सुस्त पडऩे के चलते अब कंपनियों को एक्साइज ड्यूटी में कटौती की दरकार है।

  
KHUL KE BOL(Share your Views)
 
Email Print Comment